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Home » पैरों पर उभरी नसें हो सकती हैं खतरे की घंटी
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पैरों पर उभरी नसें हो सकती हैं खतरे की घंटी

November 2, 2025No Comments2 Mins Read
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News Samvad : क्या आपके पैरों पर नीली, लाल या हरी रंग की टेढ़ी-मेढ़ी नसें उभर आई हैं? अगर हां, तो इसे अनदेखा न करें। यह वेरिकोज वेन्स (Varicose Veins) नाम की नसों से जुड़ी गंभीर समस्या का संकेत हो सकता है। आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी में यह बीमारी आम होती जा रही है, खासकर उन लोगों में जो लंबे समय तक खड़े या बैठे रहते हैं।

 क्या है वेरिकोज वेन्स?

शरीर की नसों में छोटे-छोटे वॉल्व होते हैं जो खून को दिल की ओर ले जाते हैं। जब ये वॉल्व कमजोर या खराब हो जाते हैं तो खून नीचे की नसों में जमा होने लगता है, जिससे नसें फूलकर उभर आती हैं। यही स्थिति वेरिकोज वेन्स कहलाती है।

 क्यों होती है यह समस्या?

लंबे समय तक खड़े रहना, मोटापा, गर्भावस्था में हार्मोनल बदलाव, पारिवारिक इतिहास और पहले हुए ब्लड क्लॉट इसके प्रमुख कारण हैं। अगर समय रहते ध्यान न दिया जाए तो यह सूजन, अल्सर और इंफेक्शन का कारण बन सकती है।

 वेरिकोज वेन्स के लक्षण

इस बीमारी में पैरों में भारीपन, दर्द, जलन, झनझनाहट और रात में ऐंठन जैसी समस्या होती है। कभी-कभी त्वचा का रंग भी बदलने लगता है।

 आयुर्वेदिक और घरेलू उपचार

आयुर्वेद के अनुसार, वेरिकोज वेन्स वात दोष के असंतुलन से होता है। अश्वगंधा, शतावरी और मंडूकपर्णी (गोटू कोला) जैसी जड़ी-बूटियां नसों को मजबूत करती हैं। त्रिफला चूर्ण और एलोवेरा जेल शरीर से विषैले तत्व निकालते हैं और सूजन में राहत देते हैं।
नियमित हर्बल ऑयल मसाज (तिल या नारियल तेल से), वॉक और योगासन ब्लड सर्कुलेशन को बेहतर बनाते हैं। वहीं लहसुन और नींबू का सेवन रक्त को पतला रखता है और थक्के बनने से रोकता है।

इसे भी पढ़ें : साल 2020 में बच्चों की जान लेने वाली कंपनी का पार्टनर गिरफ्तार… जानें क्यों

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