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News Samvad : सुबह उठते ही आंखों के नीचे डार्क सर्कल दिखना किसी के लिए भी परेशान करने वाला हो सकता है। यह समस्या कई लोगों में लंबे समय तक बनी रहती है। नींद की कमी, गलत खानपान और तनाव इसके सबसे बड़े कारण माने जाते हैं। डार्क सर्कल चेहरे को थका हुआ और उम्र से ज्यादा बड़ा दिखा सकते हैं।
महंगे प्रोडक्ट नहीं, डाइट है असली समाधान
अक्सर लोग डार्क सर्कल हटाने के लिए महंगे ब्यूटी प्रोडक्ट्स का सहारा लेते हैं, लेकिन ब्यूटी एक्सपर्ट्स का कहना है कि सही डाइट से इस समस्या को काफी हद तक कम किया जा सकता है। रोजमर्रा के खाने में थोड़े से बदलाव करके आंखों के नीचे के काले घेरों से राहत पाई जा सकती है।
डार्क सर्कल में क्या खाएं
खट्टे फल और विटामिन C युक्त आहार
विटामिन C त्वचा को फ्री रेडिकल्स से बचाने में मदद करता है और पिगमेंटेशन कम करता है। नींबू, आंवला, कीवी, अमरूद, बेरीज, शिमला मिर्च और कमल के डंठल को अपनी डाइट में शामिल करें।
इसके साथ ही लाइकोपीन भी त्वचा के लिए फायदेमंद होता है, जो टमाटर, गाजर और तरबूज में पाया जाता है।
पत्तेदार हरी सब्जियां
शरीर में आयरन की कमी से भी आंखों के नीचे काले घेरे बन सकते हैं। पालक, लेट्यूस, दाल, किशमिश और कद्दू के बीज आयरन से भरपूर होते हैं। रोजाना किसी एक हरी सब्जी को खाने की आदत डालें।
विटामिन E से भरपूर फूड
विटामिन E में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट त्वचा को हेल्दी रखने में मदद करते हैं। बादाम, एवोकाडो, मूंगफली, छोले और चुकंदर का सेवन डार्क सर्कल कम करने में सहायक माना जाता है।
विटामिन K का महत्व
विटामिन K त्वचा के डैमेज टिशू को ठीक करने में मदद करता है। पत्तागोभी, ब्रोकली और हरी पत्तेदार सब्जियां खाने से आंखों के आसपास की त्वचा मजबूत बनी रहती है।
लाइफस्टाइल में क्या बदलाव करें
डाइट के साथ-साथ रोज कम से कम तीन लीटर पानी पीना जरूरी है। कोशिश करें कि रात का खाना 7 बजे तक हो जाए और रोजाना आठ घंटे की अच्छी नींद लें। चेहरे को रोज किसी माइल्ड क्लींजर से साफ करना भी फायदेमंद होता है।
डार्क सर्कल के मुख्य कारण
आंखों के नीचे डार्क सर्कल बनने के पीछे कई वजहें हो सकती हैं।
नींद की कमी
एलर्जी या हे फीवर
हाइपरपिग्मेंटेशन
आंखों के नीचे फैटी टिशू का कम होना
त्वचा का पतला होना
आयरन की कमी
ज्यादा धूप में रहना
स्मोकिंग
थायरॉइड की समस्या
पर्याप्त पानी न पीना
(डिस्क्लेमर: यह जानकारी सामान्य जागरूकता के लिए है। किसी गंभीर समस्या में डॉक्टर या विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।)
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