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New Delhi/Patna : बिहार सरकार के अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री मो. जमा खान ने गुरुवार को नई दिल्ली स्थित जामिया मिल्लिया इस्लामिया का दौरा किया। विश्वविद्यालय पहुंचने पर कुलपति प्रो. मज़हर आसिफ और रजिस्ट्रार महताब आलम रिज़वी ने उनका आत्मीय स्वागत किया। इस दौरान विश्वविद्यालय प्रशासन के साथ हुई बैठक में बिहार के छात्रों की पढ़ाई, सुरक्षा और भविष्य से जुड़े कई अहम मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई।
बैठक का सबसे महत्वपूर्ण विषय बिहार के विद्यार्थियों के लिए जामिया परिसर में समर्पित छात्रावास और अल्पसंख्यक छात्रों के लिए विशेष UPSC कोचिंग की व्यवस्था रहा। मंत्री ने कहा कि यदि इन दोनों प्रस्तावों पर अमल होता है तो बिहार के हजारों छात्रों को सीधा लाभ मिलेगा।
बिहार के छात्रों के लिए समर्पित हॉस्टल बनाने का प्रस्ताव
बैठक में मंत्री मो. जमा खान ने जम्मू-कश्मीर के विद्यार्थियों की तर्ज पर बिहार के छात्रों के लिए भी जामिया परिसर में एक समर्पित हॉस्टल बनाने का औपचारिक अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि हर साल बड़ी संख्या में बिहार के छात्र जामिया मिल्लिया इस्लामिया में दाखिला लेते हैं। इनमें कई ऐसे विद्यार्थी भी होते हैं जो आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों से आते हैं और दिल्ली जैसे शहर में रहने की व्यवस्था करना उनके लिए आसान नहीं होता।
मंत्री ने कहा कि अगर विश्वविद्यालय परिसर में बिहार के छात्रों के लिए सुरक्षित और बेहतर आवासीय सुविधा उपलब्ध हो जाती है तो उन्हें पढ़ाई पर पूरा ध्यान देने का मौका मिलेगा। साथ ही अभिभावकों की भी चिंता काफी हद तक कम होगी। उनका मानना है कि अच्छी आवासीय सुविधा छात्रों के शैक्षणिक प्रदर्शन को भी बेहतर बनाएगी।
RCA में बिहार के अल्पसंख्यक छात्रों के लिए विशेष UPSC कोचिंग की मांग
बैठक के दौरान मंत्री ने जामिया की रेजिडेंशियल कोचिंग अकादमी (RCA) का भी उल्लेख किया। उन्होंने आग्रह किया कि बिहार के अल्पसंख्यक विद्यार्थियों के लिए यहां विशेष UPSC सिविल सेवा कोचिंग की व्यवस्था की जाए।
उन्होंने कहा कि बिहार के कई मेधावी छात्र प्रतिभाशाली होने के बावजूद आर्थिक संसाधनों की कमी के कारण उच्च स्तर की कोचिंग नहीं ले पाते। यदि जामिया की प्रतिष्ठित कोचिंग अकादमी में उनके लिए विशेष व्यवस्था की जाती है तो दूर-दराज के गरीब और जरूरतमंद छात्रों को देश की सबसे प्रतिष्ठित परीक्षा की तैयारी का बेहतर अवसर मिलेगा। इससे बिहार के अधिक युवा प्रशासनिक सेवाओं में पहुंच सकेंगे और राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका निभा सकेंगे।

कुलपति और रजिस्ट्रार ने दिए सकारात्मक संकेत
बैठक में दोनों पक्षों के बीच सौहार्दपूर्ण माहौल में चर्चा हुई। जामिया के कुलपति प्रो. मज़हर आसिफ और रजिस्ट्रार महताब आलम रिज़वी ने मंत्री द्वारा रखे गए सभी प्रस्तावों को गंभीरता से सुना और उन पर सकारात्मक रुख दिखाया।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने भरोसा दिलाया कि सभी प्रस्तावों पर नियमानुसार विचार करते हुए आवश्यक प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी। साथ ही बिहार के छात्रों के हित में जल्द आवश्यक पहल करने का आश्वासन भी दिया गया।
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