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News Samvad : डायबिटीज यानी शुगर की बीमारी आज तेजी से बढ़ रही है। बदलती लाइफस्टाइल, खानपान की खराब आदतें, कम शारीरिक मेहनत और बढ़ता तनाव इसकी बड़ी वजहों में शामिल हैं। डायबिटीज में शरीर या तो पर्याप्त इंसुलिन नहीं बना पाता या फिर इंसुलिन का सही तरीके से इस्तेमाल नहीं कर पाता। इसके कारण खून में शुगर का स्तर बढ़ने लगता है। लंबे समय तक ब्लड शुगर ज्यादा रहने पर दिल, आंखों, किडनी, नसों और पैरों से जुड़ी गंभीर परेशानियां हो सकती हैं। डायबिटीज के मरीजों में चोट या घाव का देर से भरना भी एक बड़ी समस्या हो सकती है। खासकर पैरों में चोट, छाला या कट होने पर लापरवाही भारी पड़ सकती है। इसलिए मरीजों को नियमित रूप से ब्लड शुगर की जांच, डॉक्टर की सलाह और पैरों की देखभाल पर ध्यान देना चाहिए।
क्या चार मखाने खाने से डायबिटीज खत्म हो जाती है?
सोशल मीडिया और कई जगहों पर यह दावा किया जाता है कि सुबह खाली पेट चार मखाने खाने से डायबिटीज जड़ से खत्म हो सकती है। लेकिन इस दावे का कोई भरोसेमंद वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। केवल चार मखाने खाने से इंसुलिन बनना शुरू हो जाएगा और डायबिटीज हमेशा के लिए खत्म हो जाएगी, ऐसा कहना सही नहीं है। मखाना एक पौष्टिक खाद्य पदार्थ है और इसे संतुलित डाइट का हिस्सा बनाया जा सकता है। हालांकि, डायबिटीज का इलाज केवल किसी एक खाद्य पदार्थ से नहीं होता। ब्लड शुगर को नियंत्रित रखने के लिए खानपान, नियमित शारीरिक गतिविधि, वजन नियंत्रण, ब्लड शुगर की निगरानी और डॉक्टर द्वारा दी गई दवाओं का पालन जरूरी है।
मखाना कैसे खाएं?
डायबिटीज के मरीज मखाने को अपनी डाइट में शामिल कर सकते हैं, लेकिन मात्रा और सेवन का तरीका व्यक्ति की सेहत और पूरी डाइट पर निर्भर करता है। आमतौर पर बिना ज्यादा चीनी, नमक या घी के भुना हुआ मखाना बेहतर विकल्प हो सकता है। इसे खाने के बाद ब्लड शुगर पर क्या असर पड़ता है, यह हर व्यक्ति में अलग हो सकता है। अगर कोई मरीज इंसुलिन या शुगर की दवा ले रहा है तो केवल मखाना खाने के भरोसे दवा बंद करना खतरनाक हो सकता है। दवा में कोई भी बदलाव डॉक्टर की सलाह से ही किया जाना चाहिए।
दिल और सेहत के लिए भी उपयोगी हो सकता है
मखाने में पोषक तत्व होते हैं और इसे संतुलित खानपान का हिस्सा बनाया जा सकता है। लेकिन यह कहना सही नहीं होगा कि मखाना हार्ट अटैक या किसी गंभीर बीमारी का इलाज है। दिल को स्वस्थ रखने के लिए संतुलित आहार, नियमित व्यायाम, ब्लड प्रेशर और कोलेस्ट्रॉल पर नियंत्रण सबसे ज्यादा जरूरी है।
तनाव और नींद के लिए भी जरूरी है पूरी लाइफस्टाइल
मखाने को दूध के साथ खाने की सलाह कई लोग देते हैं। हालांकि, तनाव और अनिद्रा की समस्या को केवल मखाने से खत्म करने का दावा सही नहीं है। अच्छी नींद के लिए नियमित दिनचर्या, स्क्रीन टाइम कम करना, तनाव पर नियंत्रण और जरूरत पड़ने पर डॉक्टर की सलाह जरूरी है।
कैल्शियम और हड्डियों की सेहत
मखाने में कैल्शियम समेत कुछ पोषक तत्व पाए जाते हैं। इसलिए यह संतुलित डाइट का हिस्सा हो सकता है। लेकिन गठिया या जोड़ों के दर्द का इलाज केवल मखाना खाने से नहीं होता। लगातार दर्द, सूजन या चलने-फिरने में परेशानी होने पर डॉक्टर से जांच कराना जरूरी है।
डायबिटीज मरीजों के लिए सबसे जरूरी बात
डायबिटीज को नियंत्रित रखने के लिए किसी एक घरेलू नुस्खे पर निर्भर रहना सही नहीं है। स्वस्थ खानपान, नियमित व्यायाम, ब्लड शुगर की जांच और डॉक्टर की सलाह के अनुसार दवा लेना बेहद जरूरी है। डायबिटीज का अभी कोई एक ऐसा घरेलू नुस्खा साबित नहीं है जिससे हर मरीज की बीमारी हमेशा के लिए खत्म हो जाए। अगर डायबिटीज के मरीज के पैर में कट, छाला या घाव हो और वह ठीक न हो रहा हो, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए। घाव को नजरअंदाज करना गंभीर संक्रमण का कारण बन सकता है।
नोट: यह खबर सामान्य स्वास्थ्य जानकारी के लिए है। डायबिटीज की दवा, इंसुलिन या इलाज डॉक्टर की सलाह के बिना बंद या बदला नहीं जाना चाहिए।
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