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Pakur (Jaydev Kumar) : आमतौर पर गांवों की पंचायतों की चर्चा केवल कागजों और बैठकों तक सीमित रहती है, लेकिन पाकुड़ जिले की झिकरहटी पूर्वी ग्राम पंचायत की कहानी थोड़ी अलग है। यहां पंचायत सिर्फ योजनाओं का केंद्र नहीं, बल्कि गांव के बदलाव की एक जीवंत मिसाल बनती जा रही है। यही वजह है कि राष्ट्रीय पंचायत पुरस्कार 2025 के लिए नामित इस पंचायत को देखने और समझने केंद्रीय टीम भी यहां पहुंची। जब केंद्रीय टीम पंचायत सचिवालय परिसर में पहुंची, तो वहां सिर्फ अधिकारी ही नहीं बल्कि बड़ी संख्या में ग्रामीण, महिलाएं और स्वयं सहायता समूह की दीदियां मौजूद थीं। माहौल में उत्साह था और लोगों के चेहरों पर अपने गांव की उपलब्धियों पर गर्व साफ झलक रहा था।
जब पंचायत भवन बना गांव की उम्मीदों का केंद्र
कुछ साल पहले तक गांवों में पंचायत भवन केवल कागजी कामकाज तक सीमित रहते थे। लेकिन झिकरहटी पूर्वी में पंचायत सचिवालय आज गांव के लोगों के लिए एक सुविधा केंद्र बन चुका है। यहां हेल्प डेस्क से लेकर स्तनपान कक्ष, ज्ञान केंद्र, जन औषधि केंद्र, जल फिल्टर, स्वच्छ शौचालय, प्रज्ञा केंद्र और रोजगार सेवक कक्ष जैसी सुविधाएं मौजूद हैं। पंचायत भवन में लगी सूचना पट्ट पर सभी अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के मोबाइल नंबर लिखे हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर ग्रामीण सीधे संपर्क कर सकें। केंद्रीय टीम ने जब इन व्यवस्थाओं को देखा तो उन्होंने कहा कि पंचायत स्तर पर इस तरह की व्यवस्था ग्रामीणों को सरकार से सीधे जोड़ने का काम करती है।

बदलाव की कहानी लिख रहीं गांव की महिलाएं
झिकरहटी पूर्वी की असली ताकत यहां की महिलाएं हैं। स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाएं आज सिर्फ बैठकों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि गांव के विकास में सक्रिय भूमिका निभा रही हैं। पंचायत सचिव बताते हैं कि जब भी वे गांव में फील्ड विजिट पर जाते हैं, महिलाएं खुलकर अपनी समस्याएं और सुझाव साझा करती हैं। पंचायत में महिलाओं की मांग पर कई जगहों पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं और एक टोल-फ्री नंबर भी शुरू किया गया है, ताकि महिलाएं सीधे पंचायत से अपनी बात कह सकें। गांव की एक महिला समूह सदस्य ने कहा, “पहले पंचायत में जाने में हिचक होती थी, लेकिन अब हमें लगता है कि यह हमारा अपना घर है। यहां हमारी बात सुनी जाती है।”
रक्तदान शिविर में दिखी समाज के लिए जिम्मेदारी
पंचायत परिसर में आयोजित रक्तदान शिविर ने कार्यक्रम को एक अलग ही मानवीय रंग दे दिया। यहां जेएसएलपीएस की दीदियों ने स्वेच्छा से रक्तदान कर यह संदेश दिया कि समाज के लिए आगे आना ही असली सेवा है। रक्तदान करने वाली महिलाओं को प्रमाण पत्र और कॉफी मग देकर सम्मानित किया गया। केंद्रीय टीम ने भी उनके इस साहस और सामाजिक भावना की सराहना की।
बेटियों की शिक्षा पर जोर, बाल विवाह के खिलाफ संदेश
कार्यक्रम में उपायुक्त मनीष कुमार ने गांव के लोगों से सीधे संवाद करते हुए एक महत्वपूर्ण संदेश दिया। उन्होंने कहा कि बाल विवाह केवल एक परिवार नहीं, बल्कि तीन पीढ़ियों के भविष्य को प्रभावित करता है। उन्होंने लोगों से अपील की कि बेटियों की शादी कम उम्र में करने के बजाय उन्हें पढ़ने और आगे बढ़ने का अवसर दिया जाए। उन्होंने बताया कि जिले में प्रोजेक्ट बदलाव और प्रोजेक्ट जागृति के माध्यम से शिक्षा, स्वास्थ्य और महिला सशक्तिकरण के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं।

स्वरोजगार से मजबूत हो रही ग्रामीण अर्थव्यवस्था
आज झिकरहटी पूर्वी की कई महिलाएं प्रशिक्षण लेकर स्वरोजगार से जुड़ रही हैं। आरसेटी के माध्यम से महिलाएं ब्यूटी पार्लर, मुर्गी पालन, सब्जी उत्पादन और मधुमक्खी पालन जैसे कामों से अच्छी आमदनी कर रही हैं। उपायुक्त ने कहा कि आधुनिक खेती और छोटे-छोटे व्यवसाय गांव की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में बड़ी भूमिका निभा सकते हैं।
स्वास्थ्य और जागरूकता के लिए नई पहल
सिविल सर्जन डॉ. सुरेन्द्र कुमार मिश्रा ने बताया कि गर्भवती महिलाओं के लिए स्वास्थ्य विभाग कई मुफ्त सुविधाएं दे रहा है। जांच, दवाएं और इलाज के साथ-साथ अस्पताल आने-जाने के लिए आर्थिक सहायता भी दी जाती है। इसके अलावा किशोर-किशोरियों के लिए “उमंग दिवस” जैसे कार्यक्रम शुरू किए गए हैं, जहां उन्हें खेल, कहानी और संवाद के माध्यम से स्वास्थ्य और जीवन कौशल की जानकारी दी जाती है।
जब योजनाएं पहुंचीं लोगों के हाथ तक
कार्यक्रम के दौरान कई लाभुकों को सरकारी योजनाओं का लाभ भी दिया गया। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास स्वीकृति पत्र, मनरेगा के जॉब कार्ड, साइकिल, स्वच्छता किट, बेबी किट और अन्य सामग्रियां वितरित की गईं। साथ ही सखी मंडलों को लाखों रुपये की आर्थिक सहायता दी गई, जिससे वे अपने छोटे-छोटे व्यवसाय को आगे बढ़ा सकें।
एक पंचायत जो बन रही है प्रेरणा
केंद्रीय टीम ने पंचायत में चल रही योजनाओं, साफ-सुथरी व्यवस्था और ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी को देखकर इसे अन्य पंचायतों के लिए एक प्रेरणादायक मॉडल बताया।

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