अपनी मनपसंद भाषा में पढ़ें :
Hazaribagh (Dharmendra Pradhan) : झारखंड के हजारीबाग जिले में गुरुवार सुबह एक बड़ी घटना सामने आई। झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के जिलाध्यक्ष संजीव बेदिया के सरकारी बॉडीगार्ड निरंजन महतो की संदिग्ध हालत में गोली लगने से मौत हो गई। यह पूरा वाकया बड़कागांव थाना क्षेत्र के उरीमारी स्थित जिलाध्यक्ष के आवास पर सुबह करीब 10 बजे का है। गोली चलने की आवाज से इलाके में हड़कंप मच गया और आनन-फानन में लोग मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक बॉडीगार्ड दम तोड़ चुका था।
आवास पर अचानक गूंजी गोली की आवाज, फर्श पर खून से लथपथ मिले जवान
गुरुवार की सुबह सब कुछ सामान्य चल रहा था। इसी दौरान जिलाध्यक्ष संजीव बेदिया के घर के भीतर से अचानक गोली चलने की जोरदार आवाज सुनाई दी। आवाज सुनकर जब आसपास के लोग और घर में मौजूद सदस्य उस कमरे की तरफ दौड़े, तो वहां का नजारा देखकर दंग रह गए। बॉडीगार्ड निरंजन महतो जमीन पर गिरे पड़े थे और चारों तरफ खून फैला हुआ था। उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाने की तैयारी की जाने लगी, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही उन्होंने दम तोड़ दिया। निरंजन महतो झारखंड पुलिस के जवान थे और सुरक्षा के तौर पर झामुमो जिलाध्यक्ष के साथ तैनात थे।
एसपी और एसडीपीओ पहुंचे मौके पर, हर एंगल से जांच में जुटी पुलिस
घटना की खबर मिलते ही उरीमारी ओपी की पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। मामले की गंभीरता को देखते हुए हजारीबाग के एसपी अमन कुमार और बड़कागांव एसडीपीओ भी दल-बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। वरिष्ठ अधिकारियों ने कमरे का मुआयना किया और मौके पर मौजूद लोगों से बातचीत कर पूरी जानकारी ली। पुलिस ने शव का पंचनामा कर उसे पोस्टमार्टम के लिए हजारीबाग सदर अस्पताल भेज दिया है। घटनास्थल पर मौजूद लोगों और जिलाध्यक्ष के परिजनों से पूछताछ कर कड़ियां जोड़ने की कोशिश की जा रही है।
हादसा, चूक या कुछ और? पोस्टमार्टम रिपोर्ट से खुलेगा मौत का राज
गोली कैसे चली और उस वक्त हथियार किसके हाथ में था, इसे लेकर अभी तक पुलिस ने कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। जांच टीम इस बात की पड़ताल कर रही है कि क्या हथियार साफ करते वक्त गलती से गोली चली, कोई हादसा हुआ या फिर मामले के पीछे कोई दूसरी वजह है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने और फॉरेंसिक जांच पूरी होने के बाद ही साफ हो पाएगा कि जवान की जान कैसे गई। फिलहाल पुलिस हर पहलू को ध्यान में रखकर मामले की गहराई से छानबीन कर रही है।
इसे भी पढ़ें : टाइगर श्रॉफ केस : UP की दो महिलाओं ने मुंबई पहुंचाया था हथियार, नेपाल भागने वाला था शूटर



