Close Menu
News SamvadNews Samvad
  • होम
  • देश
  • दुनिया
  • झारखंड
  • बिहार
  • बिजनेस
  • स्पोर्ट्स
  • राशिफल
Facebook X (Twitter) Instagram
Wednesday, 23 September, 2026 • 06:40 pm
  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • AdSense Policy
  • Terms and Conditions
Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest Vimeo
News SamvadNews Samvad
  • HOME
  • INDIA
  • WORLD
  • JHARKHAND
    • RANCHI
  • BIHAR
  • UP
  • SPORTS
  • HOROSCOPE
  • CAREER
  • HEALTH
  • MORE…
News SamvadNews Samvad
  • होम
  • देश
  • दुनिया
  • झारखंड
  • बिहार
  • बिजनेस
  • स्पोर्ट्स
  • राशिफल
Home » सुप्रीम कोर्ट ने हरियाणा, पंजाब, दिल्ली व उप्र के मुख्य सचिवों को फिर किया तलब
देश

सुप्रीम कोर्ट ने हरियाणा, पंजाब, दिल्ली व उप्र के मुख्य सचिवों को फिर किया तलब

November 15, 2019No Comments5 Mins Read
Share Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Telegram WhatsApp Email
Follow Us
Google News Flipboard Facebook X (Twitter)
Share
Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Telegram WhatsApp Email
WhatsApp Group जुड़ने के लिए क्लिक करें 👉 Join Now

अपनी मनपसंद भाषा में पढ़ें :

-तिपहिया व भारी वाहनों के परीक्षण की रिपोर्ट एक सप्ताह में पेश करने का आदेश

-कोर्ट ने कहा, ऑड-ईवन से मध्यवर्ग प्रभावित, दिल्ली सरकार खोजे स्थायी समाधान

Advertisement

-ऑड-ईवन के इतर एयर प्यूरीफायर टावर अपनाने के निर्देश

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली-एनसीआर में प्रदूषण रोकने में नाकाम रहने पर पंजाब, हरियाणा, उप्र और दिल्ली के मुख्य सचिवों को एक बार फिर तलब किया है। जस्टिस अरुण मिश्रा की अध्यक्षता वाली बेंच ने मुख्य सच 29 नवम्बर को पेश होने का आदेश दिया।

कोर्ट ने दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण कमेटी (डीपीसीसी) को निर्देश दिया कि वो तिपहिया वाहनों, ट्रकों और दूसरे वाहनों का औचक परीक्षण करें और एक हफ्ते में रिपोर्ट पेश करें। कोर्ट ने डीडीए, पीडब्ल्यूडी और नगर निगमों को निर्देश दिया कि वे मॉनिटरिंग कमेटी का कोर्ट के आदेशों के मुताबिक सहयोग करें।

वायु प्रदूषण नियंत्रित करने का उपाय नहीं हो सकता ‘ऑड-ईवन’ : सुप्रीम कोर्ट

सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली सरकार को फटकार लगाते हुए कहा कि ऑड-ईवन से केवल मध्यवर्ग के लोग प्रभावित हो रहे हैं। बड़े लोगों पर इसका कोई प्रभाव नहीं है क्योंकि उनके पास एक से ज्यादा गाड़ियां हैं। सुनवाई के दौरान दिल्ली सरकार की ओर से वरिष्ठ वकील मुकुल रोहतगी ने कहा कि ऑड ईवन से प्रदूषण पर 5 से 15 फीसदी तक प्रभाव पड़ा है। उन्होंने कहा कि अगर कुछ छूट जैसे दोपहिया वाहनों को छूट नहीं दी जाए तो प्रदूषण में कमी आ सकती है लेकिन तब पूरी दिल्ली खड़ी हो जाएगी। जस्टिस दीपक गुप्ता ने कहा कि उन शहरों में जहां ऑड-ईवन लागू हैं, वहां कोई छूट नहीं दी जाती है। जस्टिस अरुण मिश्रा ने पूछा कि हम केवल ये पूछना चाहते हैं कि इन दिनों में उसका क्या असर होगा, हमारा सवाल केवल यही है। तब रोहतगी ने कहा कि इन दिनों प्रदूषण की मुख्य वजह पराली जलाना है लेकिन हम किसी पर ठीकरा नहीं फोड़ना चाहते हैं। तब कोर्ट ने कहा कि सैटेलाइट से उन स्थानों का पता करें जहां पराली जलाया जा रहा है। आप हमें वहां की तस्वीरें दीजिए। क्या हमारे पहले के आदेश का पालन हुआ है।

ऑड-ईवन से कोई फायदा नहीं : सीपीसीबी

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) ने कहा है कि ऑड-ईवन पर पिछले साल भी अध्ययन किया गया था उसका ज़्यादा प्रभाव नहीं हुआ। बोर्ड ने कहा कि कारों से केवल तीन फीसदी प्रदूषण होता है। उसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि पिछले साल अक्टूबर में एक्यूआई ठीक था, जबकि ऑड ईवन नहीं था। इस पर दिल्ली सरकार ने ऑड ईवन के पक्ष में दलील देते हुए कहा कि इस साल ऑड ईवन की वजह से एक्युआई और भी बेहतर है। कोर्ट ने कहा कि ऑड-ईवन प्रदूषण से निपटने का कोई स्थायी समाधान नहीं है। पब्लिक ट्रांसपोर्ट को बेहतर करके इस समस्या से निपटा जा सकता है, पर उसे लेकर कुछ काम नहीं हुआ है।

कोर्ट ने पूछा- क्या किसानों को दिया जा रहा आदेश के मुताबिक मुआवजा

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने कहा कि पराली जलाना जब तक पूरे तरीके से बंद नहीं होगा तब तक प्रदूषण में कमी नहीं होगी। जैसे ही हवा चलेगी प्रदूषण कम हो जाएगा। इस पर कोर्ट ने पंजाब सरकार से पूछा कि क्या हमारे पहले के आदेश के मुताबिक किसानों को मुआवजा दिया गया। मॉनिटरिंग की क्या स्थिति है। तब पंजाब सरकार ने कुहा कि किसानों को 90 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया गया। मॉनिटरिंग की गई है। पिछले आदेश के बाद काफी काम किया गया है।

एयर प्यूरीफायर टावर को अपनाएं : सुप्रीम कोर्ट

सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में हलफनामा दायर कर वायु प्रदूषण का आंकड़ा पेश किया। तब सुप्रीम कोर्ट ने पूछा कि एयर क्लीनिंग डिवाइस को लगाने के लिए कितना समय लगेगा? चीन ने कैसे किया? कोर्ट में आईआईटी बाम्बे के विशेषज्ञ नाडकर्णी ने बताया कि हमारे यहां एक किमी. वाला डिवाइस ‘वायु’ कुछ इलाकों में लगाया गया है। चीन में 10 किलोमीटर तक कवर करता है। सुप्रीम कोर्ट ने पूछा कि आप छोटे इलाके को क्यों कवर करना चाहते हैं। तब नाडकर्णी ने कहा कि पूरी दिल्ली में एयर प्यूरिफिकेशन टावर लगाने में आठ महीने लगेंगे। ये टावर 65 फीसदी प्रदूषण कम करेंगे।

वायु प्रदूषण पर स्टडी के बाद रिपोर्ट देगी केंद्र

सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि इस समय दिल्ली में प्रदूषण का स्तर 600 को पार कर गया है। घर के कमरों में भी ऐसी ही स्थिति है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि वायु प्रदूषण से हर कोई प्रभावित हो रहा है। केंद्र सरकार ने कहा कि वायु प्रदूषण को लेकर एक साल की स्टडी की जरूरत पड़ेगी। कोर्ट ने कहा कि इतना समय? केंद्र ने कहा वो कोर्ट में जवाब दाखिल करेंगे। इस पर सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र को समय दिया।

पिछले छह नवम्बर को कोर्ट ने केंद्र, पंजाब, हरियाणा, उप्र और दिल्ली सरकार को फटकार लगाई थी। कोर्ट ने तीनों राज्यों से कहा था कि किसानों को प्रति क्विंटल पराली पर सौ रुपये दीजिए ताकि वे पराली नहीं जलाएं।

Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Telegram WhatsApp Email
Previous Articleनक्सलियों का मंसूबा विफल, 20 किलो का लैंड मांइस बरामद
Next Article दिल्ली बना विश्व का सबसे प्रदूषित शहर, पूसा रोड में एक्यूआई 777 पहुंचा

Related Posts

Headlines

मिशन 2029 की बिसात! भाजपा में हो गया बड़ा फेरबदल… देखें पूरी लिस्ट

September 23, 2026
Headlines

राष्ट्रपति की कलाकारों से अपील : चंद रुपयों के लिए न करें सेहत का सौदा, हानिकारक चीजों को न करें प्रमोट

September 23, 2026
देश

सरकार से बातचीत फेल, बैंक कर्मियों की हड़ताल तय, जानें ऑनलाइन बैंकिंग पर कितना असर

September 22, 2026
Advertisement
Advertisement
  • Facebook
  • Twitter
  • Telegram
  • WhatsApp

Latest Post

नई जिम्मेदारियों से झारखंड भाजपा का संगठनात्मक ढांचा होगा और मजबूत : अजय राय

September 23, 2026

फरार फेकन और गैंग का चैप्टर क्लोज, कांड करने से पहले पुलिस ने दबोचा

September 23, 2026

मिशन 2029 की बिसात! भाजपा में हो गया बड़ा फेरबदल… देखें पूरी लिस्ट

September 23, 2026

आंगन में चीखती रही बेटी, सब्र टूटा तो बुजुर्ग बाप ने नशेड़ी दामाद को दे डाली खौफनाक मौत

September 23, 2026

झारखंड हाई कोर्ट को मिले 3 नये जज, मुख्य न्यायाधीश ने दिलाई शपथ

September 23, 2026
© 2026 News Samvad. Designed by Launching Press.

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.