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Sasaram : CBI की भ्रष्टाचार निरोधक टीम ने सासाराम में एक बार फिर बड़ी कार्रवाई करते हुए यूनियन बैंक के मैनेजर और एक कथित कर्मचारी को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ पकड़ लिया। आरोप है कि ये दोनों एक मुद्रा लोन की राशि ट्रांसफर करने के एवज में रिश्वत की मांग कर रहे थे। शिकायतकर्ता रौशन कुमार ने यूनियन बैंक से तीन लाख रुपये के मुद्रा लोन के लिए आवेदन किया था। लोन स्वीकृत होने के बावजूद बैंक मैनेजर विजय कुमार रकम ट्रांसफर नहीं कर रहे थे और लगातार टालमटोल कर रहे थे। इस पर रौशन कुमार ने CBI से शिकायत की। जांच के बाद सीबीआई ने कार्रवाई की योजना बनाई।
CBI के मुताबिक, बैंक मैनेजर ने लोन की राशि खाते में ट्रांसफर करने के बदले सात हजार रुपये रिश्वत की मांग की थी। योजना के तहत रौशन कुमार ने उन्हें छह हजार रुपये दिए। जैसे ही मैनेजर ने पैसे लिए, CBI टीम ने उसे रंगे हाथ पकड़ लिया। इस दौरान मौके पर मौजूद कथित कर्मचारी विक्की कुमार को भी गिरफ्तार किया गया। जांच में सामने आया कि विक्की पिछले 16 वर्षों से बैंक में अवैध रूप से काम कर रहा था। अब सीबीआई उसकी पृष्ठभूमि की भी जांच कर रही है।कार्रवाई के दौरान बैंक मैनेजर और CBI टीम के बीच थोड़ी नोकझोंक भी हुई, जिससे मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। बताया जा रहा है कि बीते दो महीनों में सासाराम जिले में यह CBIऔर निगरानी विभाग की छठी बड़ी कार्रवाई है, जिससे जिले के भ्रष्ट अधिकारियों में हड़कंप मच गया है।
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