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Patna : बिहार विधानसभा चुनाव से पहले शिक्षक अभ्यर्थियों ने सरकार पर दबाव बनाने की कोशिश तेज कर दी है। इसी कड़ी में शुक्रवार को पटना की सड़कों पर सैकड़ों अभ्यर्थी TRE 4 भर्ती को लेकर प्रदर्शन करने निकल पड़े। सुबह से हो रही बारिश के बावजूद पटना कॉलेज के पास अभ्यर्थियों ने मुख्यमंत्री आवास घेराव की कोशिश की। हालांकि, पुलिस पहले से अलर्ट थी और जगह-जगह जवानों की तैनाती कर दी गई थी।
TRE 4 विज्ञापन को लेकर नाराजगी
छात्र नेता दिलीप कुमार ने कहा कि मई महीने में सरकार ने TRE 4 का विज्ञापन जारी करने की घोषणा की थी, लेकिन अब तक इस पर अमल नहीं हुआ। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर आचार संहिता लागू होने से पहले विज्ञापन जारी नहीं होता है, तो इसका राजनीतिक परिणाम सरकार को भुगतना पड़ेगा।
एक लाख पद से घटकर 26 हजार पद
दिलीप कुमार ने कहा कि शिक्षा मंत्री ने चौथे चरण की शिक्षक भर्ती की तारीख 16 से 19 दिसंबर 2025 घोषित की है। पहले कहा गया था कि TRE 4 में एक लाख से अधिक पदों पर बहाली होगी, लेकिन अब अचानक संख्या घटाकर सिर्फ 26 हजार पद कर दी गई। अभ्यर्थियों का आरोप है कि यह सरकार का वादा तोड़ना है और इससे हजारों उम्मीदवार नौकरी से वंचित रह जाएंगे।
सरकार पर दबाव बढ़ाने की कोशिश
हाल ही में शिक्षा मंत्री सुनील कुमार ने घोषणा की कि परीक्षा के नतीजे जनवरी 2026 में जारी होंगे। इसके बाद अभ्यर्थियों में गुस्सा और बढ़ गया। उनका कहना है कि TRE 3 में भी कई पद खाली रह गए थे और अब सरकार ने भर्ती की संख्या कम कर दी है। अभ्यर्थियों का स्पष्ट संदेश है कि अगर सरकार अपने पुराने वादे पर कायम नहीं रहती, तो आंदोलन जारी रहेगा और चुनाव में सरकार को इसका नुकसान उठाना पड़ेगा।
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