अपनी मनपसंद भाषा में पढ़ें :
Ramgarh (Dharmendra Pradhan) : रामगढ़ की सड़कों पर मौत बनकर दौड़ रहे भारी वाहनों ने बीती शाम एक और घर का चिराग बुझा दिया। बड़काचुंबा की रहने वाली 48 साल की कविता देवी शाम ढलते ही अपने घर पहुंचने की जल्दी में थीं, पर उन्हें क्या पता था कि जिस सड़क पर वह सफर कर रही हैं, वहीं मौत उनका इंतजार कर रही है। कुजू नयामोड़-गिद्दी हीरक मार्ग पर ओरला ठाकुरगोड़ा के पास ईंट से लदे एक बेलगाम 407 मिनी ट्रक ने सवारी टेंपो को सामने से ऐसी टक्कर मारी कि परखच्चे उड़ गए। टेंपो में सवार कविता देवी को संभलने का एक पल भी नहीं मिला और उनकी मौके पर ही तड़प-तड़पकर जान निकल गई। हादसे के बाद पूरे इलाके में कोहराम मच गया। घर पर इंतजार कर रहे पति जीतन साव और बच्चों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। वहीं, घटना से गुस्साए ग्रामीणों का सब्र जवाब दे गया और लोग सड़कों पर उतर आए।
धमाके जैसी आवाज से दहल उठा इलाका, चीख-पुकार के बीच तोड़ा दम
चश्मदीदों ने बताया कि शाम के वक्त टेंपो (जेएच24ई-9296) कुजू नयामोड़ से सवारियां लेकर बड़काचुंबा की तरफ धीरे-धीरे बढ़ रहा था। तभी सामने से ईंटों से ठसाठस लदा मिनी ट्रक (जेएच01डीक्यू-6881) तेज रफ्तार में लहराते हुए आया और टेंपो में सीधी टक्कर मार दी। भिड़ंत की आवाज इतनी जोरदार थी कि आसपास के खेतों और दुकानों में मौजूद लोग दहल गए। टक्कर लगते ही टेंपो का अगला हिस्सा बुरी तरह पिचक गया। कविता देवी सीधी टक्कर की जद में आ गईं। उनके सिर और सीने पर इतने गहरे जख्म लगे कि खून से सड़क लाल हो गई। जब तक आसपास के लोग दौड़कर बचाने पहुंचते, तब तक कविता देवी की सांसें थम चुकी थीं।
सड़क पर लाश रखकर बैठ गए ग्रामीण, ट्रक में की तोड़फोड़
हादसे की खबर जैसे ही बड़काचुंबा गांव पहुंची, वहां मातम पसर गया। रोते-बिलखते परिजन और सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंच गए। महिला की क्षत-विक्षत लाश देखकर लोगों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया। भीड़ ने आपा खोते हुए दुर्घटना को अंजाम देने वाले मिनी ट्रक में तोड़फोड़ शुरू कर दी। इसके बाद लोगों ने शव को सड़क के बीचों-बीच रख दिया और नयामोड़-गिद्दी हीरक मार्ग को पूरी तरह से जाम कर दिया। ग्रामीणों का कहना था कि इस रूट पर ओवरलोड और बेलगाम गाड़ियां लगातार जिंदगियां छीन रही हैं, लेकिन प्रशासन आंखें मूंदे बैठा है। लोगों ने साफ कह दिया कि जब तक पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा और सड़क पर सुरक्षा की गारंटी नहीं मिलती, तब तक लाश नहीं उठेगी।
चारों तरफ गाड़ियों की कतारें, खबर लिखे जाने तक तनाव बरकरार
सड़क जाम होते ही दोनों तरफ कोयला लदे ट्रकों, बसों और छोटी गाड़ियों की लंबी कतारें लग गईं। देखते ही देखते कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया और आम राहगीरों का बुरा हाल हो गया। कई घंटे बीत जाने के बाद भी ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े रहे। मौके पर स्थानीय पुलिस की टीम पहुंची और आक्रोशित भीड़ को शांत कराने की कोशिश में जुट गई, लेकिन मुआवजे की पक्की बात पर अड़े लोग हटने को तैयार नहीं थे। इलाके में देर रात तक भारी तनाव बना रहा और परिजन अपनी मांग पर डटे रहे।
इसे भी पढ़ें : दुर्गा पूजा को लेकर SSP का फुलप्रूफ प्लान तैयार, शक्ति कमांडो को बड़ा जिम्मा


