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Ramgarh (Dharmendra Pradhan) : रामगढ़ के सीसीएल बरका सयाल क्षेत्र स्थित सेंट्रल सौंदा रीजनल वर्कशॉप में सोमवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब विजिलेंस की टीम ने अचानक छापेमारी की। चार वाहनों से पहुंची टीम ने वर्कशॉप परिसर में पहुंचकर जांच शुरू की और वहां कार्यरत लिपिक अरुण सिन्हा को पूछताछ के लिए हिरासत में ले लिया। मिली जानकारी के अनुसार दशरथ मांझी नामक व्यक्ति ने शिकायत की थी कि ट्रांसफर और पोस्टिंग से जुड़े एक मामले में अरुण सिन्हा द्वारा नगद राशि की मांग की गई थी। शिकायत मिलने के बाद विजिलेंस की टीम ने मामले का सत्यापन किया और फिर कार्रवाई के लिए मौके पर पहुंची।
रंगे हाथ पकड़ने की चर्चा
सूत्रों के मुताबिक विजिलेंस की टीम ने जाल बिछाकर कार्रवाई की और अरुण सिन्हा को कथित रूप से रिश्वत लेते हुए पकड़ लिया। हालांकि इस संबंध में विजिलेंस की ओर से आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन परिसर में मौजूद लोगों के बीच यही चर्चा होती रही कि टीम ने आरोपी को रंगे हाथ दबोचा है। कार्रवाई के दौरान टीम ने कुछ जरूरी दस्तावेजों और अन्य तथ्यों की भी जांच की। इसके बाद अरुण सिन्हा को अपने साथ ले जाया गया, जहां उससे आगे की पूछताछ की जाएगी।
वर्कशॉप परिसर में मचा हड़कंप
विजिलेंस की अचानक हुई कार्रवाई से पूरे रीजनल वर्कशॉप परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। कर्मचारी और अधिकारी पूरे घटनाक्रम को लेकर आपस में चर्चा करते नजर आए। कई लोग यह जानने की कोशिश करते रहे कि आखिर मामला क्या है और किस शिकायत के आधार पर यह कार्रवाई की गई।
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