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Kishanganj (Bihar) : PFI यानी पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष महबूब आलम नदवी को हलीम चौक, किशनगंज से गिरफ्तार किया गया। एनआईए की टीम पिछले तीन दिनों से टाउन थाने में उनसे पूछताछ कर रही है। उनकी गिरफ्तारी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पूर्णिया दौरे से पहले हुई। नदवी अप्रैल से किशनगंज के फातमा गर्ल्स स्कूल में उर्दू शिक्षक के रूप में काम कर रहा था। पहचान छिपाने के लिए वह अन्य शिक्षकों से दूरी बनाए रखता था। 2022 में पटना के फुलवारी शरीफ में एनआईए ने PFI की टेरर फंडिंग का खुलासा किया था। इसके बाद से नदवी फरार चल रहा था। सुरक्षा एजेंसियां नदवी से पिछले तीन साल की गतिविधियों, PFI के भारत को मुस्लिम राष्ट्र बनाने के प्लान और बिहार में संगठन के विस्तार के लिए फंडिंग जैसे मामलों पर पूछताछ कर रही हैं। इसके साथ ही कॉल रिकॉर्ड और डिजिटल ट्रेस की भी जांच की जा रही है।
विदेशी और आतंकी कनेक्शन
एजेंसियां यह भी देख रही हैं कि नदवी का सरजील इमाम, आईएसआईएस और बांग्लादेशी आतंकी संगठनों से क्या संबंध रहे। हालांकि, अब तक नदवी ने कोई ठोस जानकारी नहीं दी है।
लंबे समय से छुपकर रह रहा था महबूब
कटिहार का मूल निवासी नदवी का भाई किशनगंज के मोहिद्दीनपुर में ठेकेदारी करता है। स्थानीय लोगों के अनुसार, नदवी लंबे समय से शहर में रह रहा था, लेकिन किसी को इसकी भनक तक नहीं लगी। साथ ही पासपोर्ट और ओमान यात्रा की भी जांच की जा रही है।
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