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Ramgarh : अनुसूचित जनजाति की मान्यता और कुड़माली भाषा को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल करने की मांग को लेकर कुड़मी समाज ने शनिवार को जोरदार आंदोलन किया। इस अवसर पर गिरिडीह सांसद चंद्र प्रकाश चौधरी भी आंदोलन में शामिल हुए और आंदोलनकारियों को एकजुट रहने का संदेश दिया। चंद्र प्रकाश चौधरी ने कहा कि कुड़मी समाज ने पिछले 75 वर्षों से संघर्ष किया है और अब उसका परिणाम देखने की बारी है। उन्होंने सभी आंदोलनकारियों से अपील की कि वे दृढ़ संकल्पित रहें और अपनी मांगों को पूरा करने तक संघर्ष जारी रखें।
रेलवे पटरियों पर ‘रेल टेका डहर छेका’
कुड़मी समाज ने जोगेश्वर बिहार स्टेशन पर ‘रेल टेका डहर छेका’ आंदोलन का शंखनाद किया। झारखंड, बंगाल और उड़ीसा के करीब 100 स्टेशनों पर यह आंदोलन फैलाया गया है। सुबह से ही बड़ी संख्या में कुड़मी समाज के लोग रेल पटरियों पर उतर आए और नारेबाज़ी करते हुए रेल परिचालन बाधित कर दिया।
ठोस निर्णय तक जारी रहेगा आंदोलन : चौधरी
राढ माटी के कुड़मी साथियों का हुजूम रेलवे की पटरियों पर डटा हुआ है और आंदोलन को सफल बनाने में जुटा है। सांसद चंद्र प्रकाश चौधरी ने कहा कि जब तक सरकार ठोस और सकारात्मक निर्णय नहीं लेती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। आंदोलनकारियों में दृढ़ निश्चय और एकता स्पष्ट रूप से दिखाई दे रही है।
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