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Patna : पटना में गुरुवार को बिहार विधानसभा का माहौल तब बदल गया जब मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की खुलकर प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि बिहार के विकास में प्रधानमंत्री मोदी का बड़ा योगदान है और सभी सदस्यों को उन्हें नमन करना चाहिए। उन्होंने यह बात सिर्फ सत्तापक्ष से नहीं, बल्कि विपक्ष से भी कही।
सियासत में हलचल बढ़ी
नीतीश कुमार के इस बयान के बाद राजनीति गर्म हो गई। राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि यह बयान सिर्फ प्रशंसा नहीं, बल्कि आने वाले चुनावों का संकेत भी हो सकता है। कई विशेषज्ञ इसे राजग की मजबूती का संदेश बता रहे हैं। कुछ इसे केंद्र और राज्य की साझेदारी को मजबूत दिखाने का प्रयास मान रहे हैं।
विकास कार्यों का जिक्र
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि बिहार में सड़क और पुलों का विस्तार तेज़ी से हुआ है। उन्होंने दावा किया कि अब राज्य के किसी भी हिस्से में पहुंचने में छह घंटे से ज्यादा नहीं लगते। उन्होंने कहा कि यह बदलाव केंद्र सरकार के सहयोग और संयुक्त प्रयासों से संभव हुआ है।
नियुक्तियों में पारदर्शिता का दावा
नीतीश कुमार ने कहा कि अब सभी सरकारी बहालियां बीपीएससी के माध्यम से हो रही हैं और व्यवस्था पहले से अधिक पारदर्शी और नियम आधारित हो गई है। उन्होंने कहा कि अब सिस्टम नीयत और साफ नीति के साथ चल रहा है।
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