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Pakur (Jaydev Kumar) : पाकुड़ जिला मुख्यालय स्थित कृषि बाजार समिति के समीप झारखंड मुक्ति मोर्चा ने एक दिवसीय धरना दिया। यह धरना केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा का नाम बदलकर विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन यानी VB-G RAM G किए जाने के विरोध में आयोजित किया गया। धरना में बड़ी संख्या में झामुमो के नेता और कार्यकर्ता शामिल हुए।
VB-G RAM G बिल को लेकर नाराजगी
झामुमो नेताओं ने कहा कि केंद्र सरकार ने बिना व्यापक चर्चा और राज्यों को विश्वास में लिए यह बिल पारित कराया। पार्टी का आरोप है कि मनरेगा जैसे महत्वपूर्ण कानून में बदलाव सीधे तौर पर ग्रामीण मजदूरों के हितों को प्रभावित करता है।
महात्मा गांधी का नाम हटाने की मंशा का आरोप
धरना को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष अजीजुल इस्लाम ने कहा कि मनरेगा से महात्मा गांधी का नाम हटाकर इसे VB-G RAM G करना केंद्र सरकार की सोची-समझी रणनीति है। उन्होंने कहा कि गांधी जी का नाम इस कानून की आत्मा रहा है और इससे आम लोगों का भरोसा जुड़ा हुआ है।
मनरेगा को कमजोर नहीं, मजबूत करने की मांग
झामुमो नेताओं ने मांग की कि VB-G RAM G बिल को तुरंत रद्द किया जाए और मनरेगा को और मजबूत किया जाए। उनका कहना था कि ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार, मजदूरी और आजीविका की सुरक्षा के लिए मनरेगा आज भी सबसे प्रभावी योजना है।
आंदोलन तेज करने की चेतावनी
धरना के माध्यम से झामुमो ने स्पष्ट किया कि यदि केंद्र सरकार ने फैसला वापस नहीं लिया तो आंदोलन को और व्यापक स्तर पर चलाया जाएगा। पार्टी ने कहा कि मनरेगा गरीबों का अधिकार है और इसके साथ किसी भी तरह का खिलवाड़ स्वीकार नहीं किया जाएगा।
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