अपनी मनपसंद भाषा में पढ़ें :
Patna : बिहार के कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा है कि बाढ़ से प्रभावित किसानों को किसी भी हाल में बेसहारा नहीं छोड़ा जाएगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जैसे ही प्रभावित इलाकों से बाढ़ का पानी पूरी तरह उतरेगा, कृषि विभाग की टीमें जमीन पर उतरकर नुकसान का सही-सही आकलन करेंगी। मंत्री ने स्पष्ट किया कि सर्वे का काम पूरा होते ही हर प्रभावित किसान तक तय नियमों के तहत मुआवजा पहुंचाया जाएगा। सरकार का पूरा ध्यान इस बात पर है कि संकट के समय किसानों को समय पर आर्थिक संबल मिल सके।
मुआवजे की प्रक्रिया तेज करने के लिए विभागों में बेहतर तालमेल
मंत्री विजय कुमार सिन्हा ने बताया कि किसानों को जल्द राहत देने के लिए कृषि विभाग और आपदा प्रबंधन विभाग मिलकर काम कर रहे हैं। दोनों विभागों के बीच ऐसा तालमेल बनाया गया है ताकि नुकसान की रिपोर्ट तैयार करने और राहत राशि जारी करने में कोई देरी न हो। उन्होंने जोर देकर कहा कि सरकार का साफ मकसद यह पक्का करना है कि राज्य का एक भी जरूरतमंद किसान सहायता से न छूटे।

केंद्रीय मंत्री और मुख्यमंत्री ने लिया नुकसान का जायजा
श्री सिन्हा ने जानकारी दी कि हालात की गंभीरता को देखते हुए केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने खुद बाढ़ प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण और जमीनी मुआयना किया है। नेताओं ने दिघवारा, मनेर के साथ-साथ वैशाली के तेरसिया और सरायपुर गांव जाकर सीधे किसानों और ग्रामीणों से बातचीत की। इस दौरान खेतों में डूबी फसलों का हाल देखा गया और लोगों की समस्याएं सुनी गईं।
केंद्र और राज्य मिलकर करेंगे किसानों की पूरी भरपाई
कृषि मंत्री ने कहा कि केंद्रीय मंत्री का यह दौरा बेहद अहम है। इससे जमीनी स्तर पर हुए नुकसान की सही तस्वीर केंद्र सरकार के सामने आ गई है। अब केंद्र और राज्य सरकार पूरी ताकत के साथ मिलकर काम कर रही हैं ताकि किसानों को जल्द से जल्द राहत पहुंचाई जा सके। उन्होंने कहा कि आपदा की इस घड़ी में राहत और बचाव कार्य सरकार की पहली प्राथमिकता हैं और पीड़ितों को हरसंभव मदद दी जाएगी।
इसे भी पढ़ें : हवाई सर्वे के बाद ग्राउंड जीरो पर उतरे सीएम और शिवराज, बोले- देंगे नुकसान का पाई-पाई मुआवजा

