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News Samvad : बिहार के गया में शनिवार देर रात एक बड़ा रेल हादसा टल गया। गयाजी से पटना-राजगीर की ओर जा रही बुद्ध पूर्णिमा एक्सप्रेस समय रहते रोक ली गई, जिससे सैकड़ों यात्रियों की जान सुरक्षित बच गई। ट्रेन के चालक और गार्ड की सूझबूझ ने संभावित दुर्घटना को टाल दिया।
स्टेशन से निकलते ही सामने आया खतरा
जानकारी के मुताबिक, ट्रेन गयाजी स्टेशन से रवाना हुई ही थी और धीमी रफ्तार से आगे बढ़ रही थी। इसी दौरान चालक नवनीत कुमार की नजर रेलवे ट्रैक पर रखी लोहे की प्लेट पर पड़ी। उन्होंने तुरंत ब्रेक लगाकर ट्रेन रोक दी और स्टेशन मास्टर, रेलवे कंट्रोल तथा संबंधित अधिकारियों को इसकी सूचना दी। गार्ड राजीव कुमार ने भी सुरक्षा नियमों का पालन करते हुए पूरी स्थिति संभाली।
चोरी के दौरान ट्रैक पर छोड़ी गई प्लेट
आरपीएफ इंस्पेक्टर बनारसी यादव ने बताया कि घटना रात करीब 1:05 बजे की है। शुरुआती जांच में पता चला है कि कुछ चोर रेलवे यार्ड से लोहे की चोरी कर रहे थे। ट्रेन को अपनी ओर आते देख वे घबरा गए और भागते समय लोहे की प्लेट ट्रैक पर छोड़कर फरार हो गए। यही प्लेट हादसे की वजह बन सकती थी।
यात्रियों में मची हलचल
ट्रेन रुकते ही कुछ यात्रियों में घबराहट फैल गई। कई लोग नीचे उतरने लगे, लेकिन मौके पर मौजूद सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें समझाया कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। इसके बाद आरपीएफ और रेलवे अधिकारियों ने ट्रैक का निरीक्षण किया और लोहे की प्लेट हटाकर कब्जे में ले ली।करीब 10 मिनट तक जांच के बाद ट्रेन को सुरक्षित तरीके से आगे रवाना कर दिया गया।
आरोपियों की तलाश में छापेमारी
आरपीएफ ने इस मामले में कांड संख्या 1940/26 दर्ज किया है। इंस्पेक्टर बनारसी यादव ने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम बनाई गई है और लगातार छापेमारी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही घटना में शामिल चोरों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।रेलवे अधिकारियों ने चालक नवनीत कुमार और गार्ड राजीव कुमार की सतर्कता की सराहना की है। अधिकारियों का कहना है कि अगर समय रहते ट्रेन नहीं रोकी जाती, तो बड़ा हादसा हो सकता था। फिलहाल पूरे मामले की विस्तृत जांच जारी है।

