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Patna : आगामी दीपावली, काली पूजा और लोक आस्था के महापर्व छठ को लेकर बिहार सरकार पूरी तरह एक्शन मोड में आ गई है। प्रदेश में कानून-व्यवस्था, सुरक्षा और स्वच्छता के पुख्ता इंतजाम सुनिश्चित करने के लिए सीएम सम्राट चौधरी ने शुक्रवार को समीक्षा बैठक की। लोक सेवक आवास स्थित संकल्प सभागार में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए हुई इस उच्चस्तरीय बैठक में सीएम ने साफ कहा कि त्योहारों के मौके पर देश के अलग-अलग हिस्सों और विदेशों से लाखों लोग बिहार लौटते हैं। ऐसे में अपने घर आने वाले हर व्यक्ति को सुरक्षा, स्वच्छता और एक सकारात्मक बदलाव का अहसास होना चाहिए। उन्होंने सभी जिलों के डीएम और एसपी को पूरी सतर्कता और तत्परता के साथ फील्ड में उतरने का निर्देश दिया।
स्टेशन से लेकर छठ घाटों तक 24 घंटे गश्त, फर्जी खबरों पर चार घंटे में एक्शन
सीएम ने निर्देश दिया कि त्योहारों के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए हर जिले में क्विक रिस्पांस टीम (क्यूआरटी) गठित कर उसे चौबीसों घंटे अलर्ट रखा जाए। रेलवे स्टेशनों और बस स्टैंडों के आसपास पुलिस की 24 घंटे पेट्रोलिंग सुनिश्चित की जाए, ताकि मुसाफिरों को किसी तरह की परेशानी न हो। किसी भी अप्रिय घटना पर तुरंत सख्त कदम उठाने को कहा गया है। इसके साथ ही सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों पर चलने वाली भ्रामक व फर्जी खबरों से निपटने के लिए भी विशेष तंत्र बनाने का निर्देश दिया गया। सीएम ने दो टूक कहा कि अगर कोई खबर सही है तो फौरन उस पर काम कर जवाब दें, और यदि खबर गलत या भ्रामक है तो अधिकतम चार घंटे के भीतर उसका खंडन जारी करें, जिससे माहौल खराब न हो और जनता तक सही बात पहुंचे।
छठ घाटों पर स्थानीय गोताखोर, खुले तारों से बचाएं और 125 यूनिट छूट छोड़ने की अपील
छठ महापर्व की तैयारियों की चर्चा करते हुए सीएम ने कहा कि यह बिहार की सांस्कृतिक पहचान और गौरव का पर्व है। इसमें श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और सफाई पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए। डीएम खुद घाटों की व्यवस्था की नियमित मॉनिटरिंग करें और सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन कराएं। गांवों के छठ घाटों पर स्थानीय तैराकों और गोताखोरों की तैनाती के साथ स्थानीय स्वयंसेवकों का सहयोग लिया जाए। बिजली के खुले तारों को तुरंत दुरुस्त करने और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए हैं। सीएम ने अधिकारियों और जनप्रतनिधियों से दलित और महादलित टोलों में जाकर लोगों के साथ पर्व मनाने की बात कही। साथ ही संपन्न और सक्षम लोगों से 125 यूनिट मुफ्त बिजली का लाभ स्वेच्छा से छोड़ने के लिए व्यापक प्रचार-प्रसार चलाने को कहा गया।
कायाकल्प की योजनाओं में तेजी और उद्योगपतियों के साथ हर माह बैठक
प्रशासनिक तैयारियों के साथ-साथ सीएम ने विकास कार्यों की भी समीक्षा की। उन्होंने बताया कि कायाकल्प अभियान के तहत योजनाओं की संख्या दोगुनी कर दी गई है। कोई भी गांव विकास कार्यों से छूटना नहीं चाहिए। बाढ़ से टूटी ग्रामीण सड़कों की मरम्मत तुरंत कराने और आंगनबाड़ी, पंचायत भवन व सामुदायिक भवनों को अभियान से जोड़ने के निर्देश दिए गए। सीएम ने बताया कि 16 नवंबर के बाद वे विकास कार्यों की समीक्षा तेज करेंगे और 25 नवंबर के बाद खुद जिलों का दौरा करेंगे। राज्य में निवेश और रोजगार बढ़ाने के लिए डीएम और एसपी को हर महीने उद्योगपतियों के साथ सीधी बैठक करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि उनकी समस्याओं का तुरंत निपटारा हो सके।
बैठक में डीजीपी प्रीता वर्मा ने बताया कि त्योहारों के दौरान सुरक्षा के लिए 16 हजार प्रशिक्षु पुलिसकर्मियों, 1500 पीटीसी, होमगार्ड और रैपिड एक्शन फोर्स (आरएएफ) की अतिरिक्त तैनाती की गई है। इस बैठक में मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत समेत गृह, ऊर्जा और वित्त विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे, जबकि सभी जिलों के डीएम और एसपी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से जुड़े थे।
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