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Ranchi : रांची के तमाड़ थाना क्षेत्र का लोधमा गांव। चारों तरफ खेत, कच्चे रास्ते और छोटे-छोटे घर। इसी गांव में रहने वाला 28 साल का शंकर नायक भी अपनी जिंदगी धीरे-धीरे पटरी पर लाने की कोशिश कर रहा था। तीन साल पहले माता-पिता को बीमारी में खो देने के बाद वह बिल्कुल अकेला पड़ गया था। घर में सन्नाटा था, जिम्मेदारियां थीं और एक नई जिंदगी बसाने का सपना भी। लेकिन उसे क्या पता था कि जिस घर को वह अपना समझता है, वहीं से उसकी मौत की स्क्रिप्ट लिखी जा चुकी है।
मां-बाप के जाने के बाद सहारे की तलाश
गांव वालों के मुताबिक माता-पिता की मौत के बाद शंकर टूट सा गया था। ऐसे में उसकी चचेरी भाभी गीता देवी घर के कामकाज में हाथ बंटाने लगी। धीरे-धीरे दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं। बात सहारे से शुरू हुई और इश्क-मुश्क तक पहुंच गई। गांव में लोग कानाफूसी करते थे, लेकिन खुलकर कोई कुछ नहीं कहता था। छोटे गांवों में रिश्ते और राज दोनों साथ-साथ चलते हैं।
जब शंकर ने शादी की बात छेड़ी
समय बीतता गया। शंकर ने तय किया कि अब उसे अपना घर बसाना चाहिए। उसने लड़की देखनी शुरू की। यही वह मोड़ था जहां से कहानी ने खतरनाक करवट ली। पुलिस जांच में सामने आया कि गीता देवी नहीं चाहती थी कि शंकर शादी करे। उसे डर था कि शादी के बाद शंकर उससे दूर हो जाएगा। रिश्ते का वह धागा, जो छिपकर बुना गया था, अब खुलने लगा था। बताया जा रहा है कि इसी बात को लेकर घर में कई बार बहस भी हुई।
साजिश की चुपचाप बुनाई
जांच में खुलासा हुआ कि गीता देवी ने अपने पति बलदेव मछुवा के साथ मिलकर शंकर को रास्ते से हटाने की योजना बनाई। यह कोई अचानक उठाया गया कदम नहीं था, बल्कि सोच-समझकर रची गई साजिश थी। 9 फरवरी को शंकर को चाय दी गई। रोज की तरह उसने बिना शक किए चाय पी ली। लेकिन उस दिन चाय में कीटनाशक मिला हुआ था। कुछ ही देर में उसकी तबीयत बिगड़ने लगी। मुंह से झाग निकलने लगा। घर में खलबली मच गयी। जल्दबाजी में उसे जमशेदपुर के एमजीएम अस्पताल ले जाया गया, जहां उसे बचाया नहीं जा सका।
भाई की शिकायत और खुलती परतें
शंकर के भाई सुकरा नायक ने गीता देवी, बलदेव मछुवा और सोहिनी कुमारी के खिलाफ तमाड़ थाना कांड संख्या 11/26 के तहत नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई। पुलिस ने जब जांच शुरू की तो रिश्तों की उलझी हुई गांठें एक-एक कर खुलती चली गईं। प्रेम-प्रसंग, शादी को लेकर विवाद और फिर जहर देने की साजिश। आखिरकार पुलिस ने आरोपी दंपत्ति को गिरफ्तार कर लिया।
गांव में सन्नाटा, सवालों की भरमार
लोधमा गांव में इस घटना के बाद से सन्नाटा पसरा है। लोग खुलकर बोल नहीं रहे, लेकिन हर चौखट पर यही चर्चा है कि आखिर एक रिश्ते ने इतनी भयावह शक्ल कैसे ले ली। तमाड़ पुलिस का कहना है कि मामले की जांच आगे भी जारी है और सभी पहलुओं पर बारीकी से जांच की जा रही है।
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