अपनी मनपसंद भाषा में पढ़ें :
Ramgarh (Dharmendra Pradhan) : रामगढ़ जिले के गोला थाना क्षेत्र में शुक्रवार की अहले सुबह जंगली हाथियों के आतंक ने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया। अलग-अलग जगहों पर हाथियों के झुंड ने हमला कर तीन लोगों की जान ले ली, जिसके बाद गांवों में दहशत का माहौल है। मुरपा गांव में एक व्यक्ति की मौत हुई, जबकि बांदा गांव में दो महिलाओं को हाथियों ने कुचल दिया। घटना के बाद से ग्रामीणों में डर के साथ-साथ गुस्सा भी साफ दिख रहा है। लोगों का कहना है कि हाथियों की मौजूदगी की जानकारी पहले से थी, लेकिन समय रहते कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
मुरपा गांव में खेत जाते समय हाथियों ने घेरा
मुरपा गांव में शुक्रवार सुबह एक व्यक्ति रोज की तरह घर से निकलकर खेत की ओर जा रहा था। बताया जा रहा है कि इसी दौरान रास्ते में हाथियों का झुंड सामने आ गया। व्यक्ति कुछ समझ पाता, इससे पहले ही हाथियों ने उसे घेर लिया और कुचल दिया। मौके पर ही उसकी मौत हो गई। सुबह-सुबह गांव में चीख-पुकार मच गई और लोग दौड़कर पहुंचे, लेकिन तब तक देर हो चुकी थी।
बांदा गांव में दो महिलाओं की दर्दनाक मौत
दूसरी घटना बांदा गांव की है, जहां सुबह दो महिलाएं घर के बाहर रोजमर्रा के काम में लगी हुई थीं। इसी बीच हाथियों का झुंड गांव की ओर बढ़ आया। ग्रामीणों के मुताबिक महिलाएं भाग भी नहीं सकीं और हाथियों ने उन्हें रौंद दिया। दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना के बाद पूरे गांव में अफरा-तफरी मच गई और लोग अपने-अपने घरों में दुबक गए।
कई दिनों से घूम रहा था झुंड, फिर भी नहीं हुई तैयारी
ग्रामीणों का कहना है कि हाथियों का झुंड पिछले कई दिनों से आसपास के जंगल और गांवों के बीच घूम रहा था। लोगों ने कई बार वन विभाग को इसकी सूचना दी थी, लेकिन न तो हाथियों को भगाने की कोई ठोस व्यवस्था की गई और न ही गांव में सुरक्षा को लेकर कोई ठोस कदम उठाया गया। अब तीन मौतों के बाद लोगों में नाराजगी है। ग्रामीण पूछ रहे हैं कि जब खतरे की जानकारी पहले से थी, तो कार्रवाई समय पर क्यों नहीं हुई।
मौके पर पहुंची पुलिस और वन विभाग की टीम
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने ग्रामीणों से बातचीत की और हालात का जायजा लिया। वन विभाग की ओर से हाथियों को आबादी से दूर खदेड़ने की कोशिश की जा रही है। साथ ही प्रभावित गांवों में निगरानी बढ़ाई गई है।
लोगों को दी गई चेतावनी, अकेले बाहर न निकलें
प्रशासन ने लोगों से साफ कहा है कि फिलहाल सुबह और शाम के समय सावधानी बरतें। ग्रामीणों को सलाह दी गई है कि वे अकेले खेत या जंगल की ओर न जाएं। वन विभाग ने कहा है कि हाथियों के झुंड की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है और जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त टीम भी लगाई जाएगी।
गांवों में डर का माहौल, लोग घरों में कैद
लगातार हाथियों की मौजूदगी से गांवों में डर बना हुआ है। लोग सुबह-सुबह घर से बाहर निकलने से भी घबरा रहे हैं। कई परिवारों ने बच्चों को स्कूल भेजना बंद कर दिया है और खेतों में काम पर जाना भी मुश्किल हो गया है। ग्रामीणों का कहना है कि जब तक हाथियों को इलाके से पूरी तरह हटाया नहीं जाता, तब तक भय बना रहेगा।
इसे भी पढ़ें : जेल में बंद नक्सलियों का ‘थिंक टैंक’ खत्म, रिम्स में तोड़ा दम



