अपनी मनपसंद भाषा में पढ़ें :
Ranchi : बंगाल की खाड़ी में बने नए मौसम सिस्टम का असर झारखंड में दिखने लगा है। मौसम विभाग ने शुक्रवार, 11 सितंबर को राज्य के कई हिस्सों में भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। पलामू, गढ़वा, चतरा, लातेहार, पूर्वी सिंहभूम, पश्चिमी सिंहभूम, सिमडेगा और सरायकेला-खरसावां में कुछ जगहों पर भारी बारिश हो सकती है। इसके साथ ही कई इलाकों में गरज के साथ वज्रपात और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने की संभावना है।
मौसम विभाग ने खराब मौसम को देखते हुए इन इलाकों के लिए यलो अलर्ट जारी किया है। शुक्रवार को राज्य के कई हिस्सों में बादल छाए रहने और बारिश होने का अनुमान है। मौसम वैज्ञानिक अभिषेक आनंद के मुताबिक, बंगाल की खाड़ी में बने सिस्टम के कारण अगले एक-दो दिन झारखंड में बारिश की गतिविधियां बढ़ सकती हैं।
बंगाल की खाड़ी में बन रहा निम्न दबाव का क्षेत्र
मौसम वैज्ञानिक अभिषेक आनंद ने बताया कि उत्तरी बंगाल की खाड़ी और उससे सटे बांग्लादेश के ऊपर एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन बना हुआ है। यह करीब 7.6 किलोमीटर की ऊंचाई तक फैला है। इसके प्रभाव से उत्तरी बंगाल की खाड़ी और आसपास के इलाकों में निम्न दबाव का क्षेत्र बनने की संभावना है। इसी मौसम सिस्टम के कारण झारखंड में नमी बढ़ेगी और कई इलाकों में बारिश हो सकती है। खासकर राज्य के पश्चिमी और दक्षिणी हिस्सों में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। 11 सितंबर को पलामू प्रमंडल के साथ कोल्हान और दक्षिणी झारखंड के कुछ जिलों में मौसम ज्यादा सक्रिय रह सकता है। कई जगहों पर बारिश के दौरान अचानक तेज हवा चलने और बिजली चमकने की भी आशंका है। ऐसे में लोगों को मौसम खराब होने के दौरान खुले मैदान, खेत और ऊंचे पेड़ों के आसपास जाने से बचने की सलाह दी गई है।
वज्रपात के दौरान सावधानी बरतने की अपील
मौसम विभाग ने लोगों से बारिश और गर्जन के दौरान विशेष सावधानी बरतने को कहा है। बिजली चमकने के समय पेड़ के नीचे खड़े नहीं होने, खेतों में काम नहीं करने और खुले स्थानों से दूर रहने की सलाह दी गई है। जलभराव वाले इलाकों और कमजोर या कच्चे मकानों से भी दूरी बनाए रखने को कहा गया है। बारिश और वज्रपात के दौरान बिजली के उपकरणों का इस्तेमाल नहीं करने की सलाह भी दी गई है। ग्रामीण इलाकों में किसानों और खेतों में काम करने वाले लोगों को मौसम साफ होने तक सुरक्षित स्थान पर रहने की अपील की गई है।
चाईबासा में सामान्य से 46% ज्यादा बारिश
इस मानसून सीजन में झारखंड के कई जिलों में अब तक अच्छी बारिश हुई है। 1 जून से 10 सितंबर तक के आंकड़ों के मुताबिक, चाईबासा में सामान्य से काफी ज्यादा बारिश रिकॉर्ड की गई है। जिले में इस अवधि में 1297.8 मिमी बारिश हुई, जबकि सामान्य बारिश 887.5 मिमी मानी जाती है। यानी यहां सामान्य से करीब 46% अधिक बारिश हुई है। राज्य के कुछ अन्य जिलों में भी सामान्य से ज्यादा बारिश दर्ज की गई है। हालांकि, कई जिले अभी भी बारिश की कमी से जूझ रहे हैं। देवघर में सामान्य से करीब 30% कम बारिश हुई है। बोकारो में भी सामान्य के मुकाबले 12% कम बारिश रिकॉर्ड की गई है। कोडरमा में भी बारिश सामान्य से कम रही है।
झारखंड में मानसून का असर जिलों के हिसाब से अलग-अलग रहा है। कहीं लगातार बारिश से स्थिति सामान्य से बेहतर हुई है तो कुछ जिलों में अब भी बारिश की कमी बनी हुई है। अगले एक-दो दिन बंगाल की खाड़ी के सिस्टम से होने वाली बारिश से बारिश की कमी वाले जिलों को भी कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।
इसे भी पढ़ें : दो साल की दूरियां, चार मुलाकातें और फिर DLSA ने दम तोड़ते रिश्ते में फूंक दी नयी जान

