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Jamshedpur : दुर्गापूजा के दौरान शहर के बाजारों, मेला परिसरों और पूजा पंडालों में घूमने वाली महिलाओं और युवतियों की सुरक्षा के लिए जमशेदपुर पुलिस ने पुख्ता इंतजाम कर लिए हैं। पंडालों में दर्शन के बहाने भीड़ का फायदा उठाकर छेड़खानी करने वालों और हुड़दंग मचाने वाले असामाजिक तत्वों से निपटने के लिए इस बार विशेष ‘शक्ति कमांडो’ दस्ते को मैदान में उतारा गया है। एसएसपी डॉ. एहतेशाम वकारिब की पहल पर साकची महिला थाना प्रभारी रूपा पाल की अगुवाई में तैयार यह विशेष टीम सोमवार से ही अलर्ट मोड पर आ गई है। टीम में शामिल महिला पुलिसकर्मी आधुनिक हथियारों के साथ-साथ इलेक्ट्रिक डंडों से लैस रहेंगी, ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति या बदसलूकी की कोशिश पर तुरंत कड़ा एक्शन लिया जा सके।
आधुनिक हथियारों और इलेक्ट्रिक डंडों से लैस रहेंगी महिला जवान
दुर्गापूजा के दिनों में साकची, बिष्टुपुर समेत शहर के प्रमुख पंडालों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ती है। ऐसे माहौल में मनचले अक्सर युवतियों से छेड़खानी या छींटाकशी की फिराक में रहते हैं। पुलिस प्रशासन का साफ मकसद है कि महिलाएं बिना किसी डर या झिझक के परिवार के साथ पंडालों में मां दुर्गा के दर्शन कर सकें और मेले का पूरा आनंद उठा सकें। शक्ति कमांडो की सदस्य सादे लिबास और वर्दी दोनों में भीड़ के बीच मौजूद रहेंगी। टीम में रूपा पाल के साथ मनकुमारी उरांव, गुड़िया उरांव, परवीन अख्तर, नूतन मंजू मिंज, सरिता मार्डी, राधा रानी महतो, सुमित्रा कुंवर गंझू और जमुना कुमारी मुर्मू मुस्तैद हैं। संदिग्ध दिखने वाले किसी भी व्यक्ति पर नजर पड़ते ही उससे पूछताछ होगी और हरकत गलत मिलने पर सीधे कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
शहर के 6 प्रमुख रूटों पर लगातार गश्त
महिला सुरक्षा को चाक-चौबंद रखने के लिए पुलिस ने शहर को छह संवेदनशील रूटों में बांटकर शक्ति कमांडो को गश्त की जिम्मेदारी सौंपी है। यह टीम सीतारामडेरा से सिदगोड़ा, मानगो-आजादनगर-उलीडीह, टेल्को-बिरसानगर-गोविंदपुर, गोलमुरी से बर्मामाइंस, साकची से बिष्टुपुर और सोनारी से कदमा क्षेत्र तक लगातार पेट्रोलिंग करेगी। पूजा के व्यस्त समय में इन सभी इलाकों के मुख्य चौराहों और पंडालों के एंट्री-एग्जिट गेट पर टीम की पैनी नजर रहेगी।
त्योहार के बाद भी स्कूल-कॉलेजों के बाहर जारी रहेगी निगरानी
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक शक्ति कमांडो की ड्यूटी केवल दुर्गापूजा तक सीमित नहीं रहने वाली है। सामान्य दिनों में भी स्कूल और कॉलेजों की छुट्टी के वक्त छात्राओं की सुरक्षा के लिए संवेदनशील जगहों पर इनकी तैनाती जारी रहती है। कोचिंग संस्थानों और शैक्षणिक परिसरों के बाहर मंडराने वाले असामाजिक तत्वों पर नकेल कसने में यह दस्ता पहले भी असरदार साबित हुआ है। पूजा के दौरान इस व्यवस्था को और सख्त किया गया है ताकि शहर भर में कानून का डर बना रहे।
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