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Patna : बिहार के CM नीतीश कुमार की अध्यक्षता में शुक्रवार को हुई कैबिनेट की बैठक में 34 अहम एजेंडों को ग्रीन सिग्नल मिल गया। कैबिनेट की बैठक में बिहार विशेष सर्वेक्षण एवं बंदोबस्त (संशोधन) नियमावली 2025 की स्वीकृति दी है। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के एजेंडा में बताया गया है कि बिहार में रैयती एवं अन्य प्रकार की भूमि का नया अधिकार अभिलेख (खतियान) और भू मानचित्र (नक्शा) निर्मित किया जा रहा है। भूमि के सर्वेक्षण एवं बंदोबस्ती के क्रम में यह महसूस किया गया है कि सर्वेक्षण में 100 फीसदी शुद्धता, पारदर्शिता और गतिशीलता सुनिश्चित करना जरूरी है। इसके लिए बिहार विशेष सर्वेक्षण एवं बंदोबस्त संशोधन नियमावली 2012 के अंतर्गत खानापूरी दल को अन्य तथ्यों के साथ-साथ मौखिक सहमति के आधार पर पूर्व से क्रियान्वित बदलैन को भी आधार मानने संबंधी प्रावधान किया जाना उचित है। ऐसे में बिहार विशेष सर्वेक्षण और बंदोबस्त संशोधन नियमावली 2025 की स्वीकृति दी जाती है।
मधुबनी समेत छह जिलों में बनेंगे एयरपोर्ट
इस बैठक में सबसे अहम फैसला राज्य के छह जिलों मधुबनी, वीरपुर, मुंगेर, वाल्मिकीनगर, भागलपुर और सहरसा में हवाईअड्डा निर्माण की संभावनाओं को लेकर लिया गया। इन जिलों में एयरपोर्ट बन पाएंगे या नहीं, इसके लिए विस्तृत अध्ययन कराया जाएगा। इसके लिए भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण, नई दिल्ली को जिम्मेदारी दी गई है। बिहार सरकार ने इस अध्ययन के लिए 2 करोड़ 43 लाख रुपए की राशि स्वीकृत की है।
जिलों में खुलेंगे डिग्री कॉलेज
मुख्यमंत्री की विकास यात्रा के दौरान किए गए वादों को पूरा करते हुए राज्य के आठ जिलों मधुबनी, गोरौल, शाम्हों, इमामगंज, अधौरा, कटोरिया, असरगंज और चकाई में नए डिग्री कॉलेज खोलने का निर्णय लिया गया। इन कॉलेजों के संचालन के लिए 526 पदों की स्वीकृति दी गई है, जिसमें 422 शिक्षक और 104 शिक्षकेत्तर कर्मी शामिल हैं। प्रत्येक कॉलेज में एक प्रधानाचार्य की भी नियुक्ति होगी।
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