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Garhwa (Nityanand Dubey) : गढ़वा जिले के गुरदी गांव में रविवार को एक पारिवारिक विवाद ने बड़ा रूप ले लिया। पत्नी की पिटाई के मामले में दोनों पक्ष आमने-सामने हो गए और हालात इतने बिगड़ गए कि भीड़ ने पुलिस टीम पर ही हमला कर दिया। समय पर अतिरिक्त बल पहुंचने से बड़ी घटना टल गई। इस झड़प में पुलिसकर्मियों सहित करीब एक दर्जन लोग घायल हुए हैं, जिनका इलाज गढ़वा सदर अस्पताल में चल रहा है।
क्या है मामला
गुरदी गांव के रहने वाले तकसीर खान (27) और उनकी पत्नी रकीबा खातून (22) के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा है। शादी के बाद से ही दोनों में झगड़े होते रहे हैं और मामला कोर्ट तक पहुंचा, हालांकि बाद में समझौता हो गया था। शनिवार की रात फिर विवाद बढ़ा और तकसीर ने पत्नी की पिटाई कर दी। आहत रकीबा ने अपने मायके वालों को सूचना दी। रविवार सुबह उनके पिता जाहिद आलम खान (50), भाई समीर खान (25), सैफ अली खान (28) और मां सबीला बीबी (45) गांव पहुंचे। इसी दौरान दोनों पक्षों में कहासुनी और मारपीट शुरू हो गई।
पुलिस पर भी हमला
स्थिति बिगड़ने पर रकीबा और उनके परिजन तकसीर के घर के एक कमरे में छिप गए। गुस्साई भीड़ ने उन्हें बाहर निकालकर आग के हवाले करने की कोशिश की। खबर मिलते ही एएसआई इस्माइल आज़ाद, आरक्षी नवसे करकटा, बसंत उरांव और चालक हरेंद्र कुमार सिंह मौके पर पहुंचे। लेकिन ग्रामीणों ने पुलिस पर भी लाठी-डंडों से हमला कर दिया। स्थिति गंभीर होती देख थाना प्रभारी बृज कुमार अतिरिक्त बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस को देखकर भीड़ भाग खड़ी हुई और घायलों को अस्पताल भेजा गया।
जांच और सुरक्षा व्यवस्था
इस घटना में पुलिसकर्मियों सहित रकीबा और उनके मायके पक्ष के कई लोग घायल हुए हैं। सभी का इलाज गढ़वा सदर अस्पताल में चल रहा है और उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। थानेदार बृज कुमार ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। दोषियों की पहचान कर कानूनी कार्रवाई होगी। घटना के बाद गुरदी गांव और आसपास के इलाकों में तनाव का माहौल है। एहतियात के तौर पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
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