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Jamtara : रात के करीब साढ़े ग्यारह बजे का वक्त था। शहर की सड़कों पर ट्रैफिक का शोर थम चुका था, दुकानें धीरे-धीरे बंद हो रही थीं, लेकिन स्टेशन मोड़ पर कुछ अलग ही हलचल थी। पुलिस की गाड़ियां वहां पहुंचीं, और कुछ ही मिनटों में पूरा इलाका अलर्ट हो गया। दरअसल, जामताड़ा के पुलिस कप्तान राजकुमार मेहता खुद मौके पर पहुंचे थे… ट्रैफिक व्यवस्था और क्राइम कंट्रोल की हकीकत टटोलने के लिए।
रात के अंधेरे में चौंका देने वाला निरीक्षण
कई लोग सोच भी नहीं सकते थे कि इतनी रात गए एसपी अचानक निरीक्षण पर आ जाएंगे। जैसे ही वे स्टेशन मोड़ पहुंचे, वहां तैनात पुलिस बल और ट्रैफिक जवान सतर्क हो गए। एसपी ने चारों ओर नजर दौड़ाई… सड़कों के किनारे लगे ठेले, खड़े ऑटो और अवैध पार्किंग में लगे वाहनों को देखकर तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारियों से कहा- यह शहर का सबसे व्यस्त इलाका है। यहां हर मिनट की लापरवाही जनता की परेशानी बन जाती है।
एसपी के आदेश पर हटाया गया अतिक्रमण
एसपी के आदेश पर पुलिस कर्मियों ने तुरंत अतिक्रमण हटाने का अभियान शुरू किया। सड़क किनारे लगे ठेले और अवैध पार्किंग वाली गाड़ियों को हटवाया गया। दुकानदारों को साफ हिदायत दी गई कि सड़कों और फुटपाथ पर कब्जा कर सामान न रखें। रात के इस अचानक एक्शन को देखकर वहां मौजूद लोगों में चर्चा शुरू हो गई… “ऐसा सख्त निरीक्षण अगर हर हफ्ते हो, तो जाम की समस्या खुद खत्म हो जाएगी।”
एसपी बोले- अव्यवस्था पर अब ‘जीरो टॉलरेंस’
निरीक्षण के बाद एसपी राजकुमार मेहता ने कहा, “हमारा लक्ष्य सिर्फ कार्रवाई नहीं, बल्कि स्थायी समाधान है। अवैध पार्किंग और अतिक्रमण पर अब जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई जाएगी। ट्रैफिक पुलिस को निर्देश दिए गए हैं कि हर सुबह और शाम गश्त बढ़ाई जाए और नियम तोड़ने वालों पर तत्काल कार्रवाई हो।” उन्होंने यह भी कहा कि अपराध नियंत्रण के साथ-साथ शहर की ट्रैफिक व्यवस्था को दुरुस्त रखना भी पुलिस की जिम्मेदारी है।
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