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Chatra : 13 मार्च की शाम चतरा शहर के लिए आम दिनों की तरह ही थी। लोग अपने-अपने काम में व्यस्त थे। लेकिन शाम करीब 6 बजे अचानक जवाहर नवोदय विद्यालय के पास गोलियों की आवाज गूंजी और कुछ ही मिनटों में पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
सड़क पर एक शख्स खून से लथपथ गिरा पड़ा था। यह युवक था केरेडारी थाना क्षेत्र के सलगा गांव का रहने वाला विकास कुमार, जो चतरा कोर्ट से तारीख पर पेशी देकर अपने घर लौट रहा था। किसी को अंदाजा नहीं था कि घर पहुंचने से पहले ही उसकी जिंदगी खत्म कर दी जाएगी। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक अपराधी पहले से घात लगाए बैठे थे। जैसे ही विकास वहां पहुंचा, अचानक गोलियां चला दी गईं। गोली लगते ही वह सड़क पर गिर पड़ा और मौके पर ही उसकी मौत हो गई।
खबर मिलते ही मचा हड़कंप
दिनदहाड़े हुई इस हत्या की खबर कुछ ही मिनटों में पूरे इलाके में फैल गई। स्थानीय लोग मौके पर जुटने लगे। किसी ने पुलिस को सूचना दी तो किसी ने परिजनों को खबर पहुंचाई। जब तक पुलिस पहुंचती, विकास की सांसें थम चुकी थीं। उधर, घटना की सूचना मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। घर में मातम का माहौल था और गांव के लोग भी इस घटना से स्तब्ध थे।
एसपी के निर्देश पर शुरू हुई ताबड़तोड़ कार्रवाई
घटना की गंभीरता को देखते हुए चतरा के एसपी सुमित अग्रवाल ने तुरंत एक्शन लिया। उन्होंने सदर एसडीपीओ संदीप सुमन के नेतृत्व में एक विशेष जांच और छापेमारी टीम का गठन किया। पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती थी… दिनदहाड़े हुई इस हत्या के पीछे कौन है और क्यों? टीम ने बिना देर किए जांच शुरू कर दी। घटनास्थल से मिले सुराग, मोबाइल लोकेशन, कॉल डिटेल और स्थानीय लोगों से मिली जानकारी को जोड़ते हुए पुलिस तेजी से आगे बढ़ती गई।
सुरागों ने खोली साजिश की परतें
जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ी, वैसे-वैसे कहानी में नया मोड़ सामने आने लगा। पुलिस को शक हुआ कि यह हत्या किसी सामान्य दुश्मनी का मामला नहीं है। जांच की दिशा जब निजी रिश्तों की ओर गई तो मामला प्रेम-प्रसंग से जुड़ा हुआ निकला। पुलिस को पता चला कि इसी रिश्ते को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। इसी विवाद ने धीरे-धीरे साजिश का रूप ले लिया और आखिरकार विकास कुमार को रास्ते से हटाने की योजना बना ली गई।
12 घंटे में पुलिस ने सुलझा दिया केस
पुलिस की तेज कार्रवाई का असर यह हुआ कि घटना के महज 12 घंटे के अंदर ही हत्याकांड की गुत्थी सुलझने लगी। तकनीकी और मानवीय सूचनाओं के आधार पर पुलिस ने दो संदिग्धों को हिरासत में लिया। पूछताछ के बाद पूरे मामले का खुलासा हो गया।
महिला समेत दो आरोपी गिरफ्तार
इस सनसनीखेज हत्याकांड में पुलिस ने लीला देवी (38 वर्ष) और राजेश घांसी (36 वर्ष) को गिरफ्तार किया है। पुलिस पूछताछ में सामने आया कि प्रेम-प्रसंग से जुड़े विवाद को लेकर ही विकास कुमार की हत्या की साजिश रची गई थी। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
अभी बाकी है साजिश का पूरा सच
पुलिस का मानना है कि इस हत्या में सिर्फ दो लोग ही नहीं, बल्कि कुछ और लोग भी शामिल हो सकते हैं। इसी को देखते हुए पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही बाकी आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा और साजिश की पूरी कहानी सामने आ जाएगी।
पुलिस टीम की सराहनीय भूमिका
इस हत्याकांड का खुलासा करने में सदर एसडीपीओ संदीप सुमन, सदर थाना प्रभारी अवधेश सिंह, एसआई कासिम अंसारी और एसआई मनीष कुमार समेत पूरी पुलिस टीम की भूमिका अहम रही। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है और आगे भी कई महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं।
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