Close Menu
News SamvadNews Samvad
  • होम
  • देश
  • दुनिया
  • झारखंड
  • बिहार
  • बिजनेस
  • स्पोर्ट्स
  • राशिफल
Facebook X (Twitter) Instagram
Sunday, 6 September, 2026 • 05:22 pm
  • About Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • AdSense Policy
  • Terms and Conditions
Facebook X (Twitter) Instagram Pinterest Vimeo
News SamvadNews Samvad
  • HOME
  • INDIA
  • WORLD
  • JHARKHAND
    • RANCHI
  • BIHAR
  • UP
  • SPORTS
  • HOROSCOPE
  • CAREER
  • HEALTH
  • MORE…
News SamvadNews Samvad
  • होम
  • देश
  • दुनिया
  • झारखंड
  • बिहार
  • बिजनेस
  • स्पोर्ट्स
  • राशिफल
Home » मछली उत्पादन में बिहार बनेगा नंबर-1, बीज से बाजार तक एक ही निगम
बिहार

मछली उत्पादन में बिहार बनेगा नंबर-1, बीज से बाजार तक एक ही निगम

July 21, 2026No Comments4 Mins Read
Share Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Telegram WhatsApp Email
Follow Us
Google News Flipboard Facebook X (Twitter)
Share
Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Telegram WhatsApp Email
WhatsApp Group जुड़ने के लिए क्लिक करें 👉 Join Now

अपनी मनपसंद भाषा में पढ़ें :

Patna : बिहार में मछली पालन अब सिर्फ तालाब में मछली डालकर उत्पादन करने तक सीमित नहीं रहेगा। राज्य सरकार ने मछली उत्पादन को बढ़ाने और इस पूरे कारोबार को व्यवस्थित करने के लिए बड़ा कदम उठाया है। सरकार ने बिहार जलकृषि आधारभूत संरचना विकास निगम लिमिटेड बनाने का फैसला किया है। इसे अंग्रेजी में बिहार एक्वाकल्चर इंफ्रास्ट्रक्चर एंड डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन लिमिटेड कहा जाएगा।

सम्राट कैबिनेट ने 8 जुलाई को निगम के गठन को मंजूरी दे दी है। कंपनी अधिनियम, 2013 के तहत बनने वाला यह निगम डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन विभाग के अधीन काम करेगा। सरकार का मानना है कि निगम बनने के बाद मछली पालन से जुड़ा काम अलग-अलग स्तर पर बंटा नहीं रहेगा। मछली के बीज से लेकर उत्पादन, प्रसंस्करण और बाजार तक की व्यवस्था को एक साथ आगे बढ़ाया जा सकेगा।

मछली पालकों को बेहतर बीज और तकनीक मिलेगी

निगम के गठन के बाद मछली पालकों को गुणवत्तापूर्ण मछली बीज उपलब्ध कराने पर जोर दिया जाएगा। इसके साथ ही हैचरी का बेहतर संचालन, ब्रूड बैंक की व्यवस्था और वैज्ञानिक तरीके से मछली पालन को बढ़ावा दिया जाएगा। अभी कई बार मछली पालकों को अच्छे बीज, सही तकनीक और बाजार की जानकारी के लिए अलग-अलग जगहों पर निर्भर रहना पड़ता है। निगम के जरिए इन व्यवस्थाओं को एक साथ जोड़ने की कोशिश की जाएगी। इससे मछली पालकों को उत्पादन बढ़ाने में मदद मिलेगी और उनकी आमदनी भी बढ़ सकती है।

अनुसंधान से लेकर प्रसंस्करण तक होगा काम

निगम के जिम्मे मत्स्य क्षेत्र से जुड़ी कई महत्वपूर्ण गतिविधियां होंगी। इनमें मछली बीज उत्पादन, हैचरी प्रबंधन और उसकी निगरानी, फ्रेश कैच केंद्रों का संचालन, एक्वेटिक रेफरल लैब, ब्रूड बैंक, सरकारी मत्स्य बीज प्रक्षेत्र और जलाशयों का विकास शामिल है। इसके अलावा मछली के प्रसंस्करण और विपणन पर भी काम किया जाएगा। यानी तालाब से निकलने के बाद मछली को बाजार तक पहुंचाने की पूरी व्यवस्था को बेहतर बनाया जाएगा। सरकार का मानना है कि इससे मछली उत्पादन के साथ-साथ मछली के कारोबार को भी बढ़ावा मिलेगा।

एक ही जगह पर मिलेगी पालन, प्रशिक्षण और बाजार की सुविधा

मत्स्य विभाग की योजना है कि एकीकृत एक्वापार्क विकसित किए जाएं। यहां एक ही परिसर में हैचरी, मछली पालन, प्रसंस्करण, प्रशिक्षण और विपणन की सुविधाएं उपलब्ध कराने की कोशिश होगी। इससे मछली पालन से जुड़े लोगों को अलग-अलग काम के लिए दूर-दूर नहीं जाना पड़ेगा। उन्हें प्रशिक्षण और तकनीकी जानकारी भी एक ही व्यवस्था के तहत मिल सकेगी। सरकार का लक्ष्य मछली पालन को गांवों में रोजगार और आमदनी का मजबूत जरिया बनाना है।

ताजी मछली के लिए बनेंगे आधुनिक फ्रेश कैच आउटलेट

राज्य में उपभोक्ताओं तक ताजी और गुणवत्तापूर्ण मछली पहुंचाने के लिए आधुनिक फ्रेश कैच आउटलेट्स स्थापित करने की योजना भी है। इन केंद्रों के जरिए मछली को बेहतर तरीके से बाजार तक पहुंचाने की कोशिश होगी। सरकार का मानना है कि अगर मछली को सही तरीके से संभालकर बाजार तक पहुंचाया जाए तो मछली पालकों को बेहतर कीमत मिल सकती है और ग्राहकों को भी अच्छी गुणवत्ता की मछली उपलब्ध होगी।

बिहार में 10.28 लाख मीट्रिक टन मछली का उत्पादन

सरकार के प्रयासों का असर राज्य के मछली उत्पादन में भी दिख रहा है। बिहार अब देश के प्रमुख मछली उत्पादक राज्यों में शामिल हो चुका है। वर्ष 2025-26 में राज्य में 10.28 लाख मीट्रिक टन मछली का उत्पादन हुआ। इसमें से 89.62 हजार मीट्रिक टन मछली नेपाल समेत कई अन्य प्रमुख क्षेत्रों में भेजी गई। यानी बिहार अब अपनी घरेलू जरूरत पूरी करने के साथ दूसरे बाजारों में भी मछली भेज रहा है।

पांच साल में 15 लाख मीट्रिक टन उत्पादन का लक्ष्य

राज्य सरकार ने अगले पांच वर्षों में मछली उत्पादन को बढ़ाकर 15 लाख मीट्रिक टन करने का लक्ष्य रखा है। इस लक्ष्य को हासिल करने में नए निगम की अहम भूमिका होगी। सरकार चतुर्थ कृषि रोडमैप और सात निश्चय के तहत मछली पालन को बढ़ावा दे रही है। बिहार एक्वाकल्चर इम्प्रूवमेंट प्रोग्राम, मत्स्य ब्रूड बैंक, आधुनिक फ्रेश कैच आउटलेट और एकीकृत एक्वापार्क जैसी योजनाओं के जरिए मछली उत्पादन को बढ़ाने की तैयारी है।

अब सरकार की कोशिश है कि बिहार में मछली पालन का पूरा काम वैज्ञानिक तरीके से हो। बेहतर बीज मिले, उत्पादन बढ़े, मछली का प्रसंस्करण हो और मछली पालकों को बाजार भी मिले। अगर यह व्यवस्था जमीन पर ठीक से लागू होती है तो आने वाले वर्षों में बिहार मछली उत्पादन के मामले में देश के शीर्ष राज्यों में पहुंच सकता है।

इसे भी पढ़ें : 10 हजार से शुरू हुई उड़ान, अब 2 लाख तक का सहारा… क्या बोले मंत्री श्रवण कुमार… जानें

Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Telegram WhatsApp Email
Previous Articleबोल-बम की गूंज दिखाइये, 3 लाख रुपए तक का इनाम पाइये
Next Article 10 हजार से शुरू हुई उड़ान, अब 2 लाख तक का सहारा… क्या बोले मंत्री श्रवण कुमार… जानें

Related Posts

झारखंड

दहलीज पर न्याय, हाथों में हक… डालसा के महाअभियान से बदली गांव की तस्वीर

September 6, 2026
Headlines

गोपालगंज की बेटियों के हौसले को मिले ‘सम्राट’ पंख, अब कोरिया में दिखायेंगी दम

September 6, 2026
Headlines

मंत्री सुदिव्य के निधन से सांसद प्रदीप बोले- राज्य की राजनीति को लगा बड़ा झटका, भरपाई नामुमकिन

September 6, 2026
Advertisement
  • Facebook
  • Twitter
  • Telegram
  • WhatsApp

Latest Post

दहलीज पर न्याय, हाथों में हक… डालसा के महाअभियान से बदली गांव की तस्वीर

September 6, 2026

गोपालगंज की बेटियों के हौसले को मिले ‘सम्राट’ पंख, अब कोरिया में दिखायेंगी दम

September 6, 2026

मंत्री सुदिव्य के निधन से सांसद प्रदीप बोले- राज्य की राजनीति को लगा बड़ा झटका, भरपाई नामुमकिन

September 6, 2026

मंत्री सुदिव्य के निधन पर दो रोज का राजकीय शोक, कल बंद रहेंगे सभी सरकारी दफ्तर

September 6, 2026

फेफड़ों में फंसी उल्टी ने रोकी धड़कनें, डेढ़ घंटे की CPR भी नहीं लौटा सकी मंत्री सुदिव्य की सांसें

September 6, 2026
© 2026 News Samvad. Designed by Launching Press.

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.