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Ranchi : रांची रेलवे स्टेशन… जहां हर दिन हजारों चेहरे आते-जाते हैं। किसी की आंखों में घर लौटने की खुशी होती है, तो किसी के चेहरे पर नौकरी, परीक्षा या जिम्मेदारियों की जल्दी। लेकिन इसी भीड़, इसी भागदौड़ और इसी जल्दबाजी में कई बार जिंदगी और मौत के बीच सिर्फ कुछ सेकेंड का फासला रह जाता है। रांची रेलवे स्टेशन पर मंगलवार को ऐसा ही एक पल आया, जब चलती ट्रेन पकड़ने की जल्दबाजी एक युवक को सीधे मौत के मुंह तक ले गई। लेकिन तभी ड्यूटी पर तैनात एक आरपीएफ जवान ने अपनी बहादुरी और सूझबूझ से उसे बचाकर साबित कर दिया कि रेलवे सुरक्षा बल सिर्फ कानून-व्यवस्था नहीं, बल्कि यात्रियों की जिंदगी की ढाल भी है।
प्लेटफॉर्म पर अचानक मचा हड़कंप
तारीख 12 मई, समय लगभग ट्रेन खुलने का। प्लेटफॉर्म नंबर दो पर ट्रेन संख्या 13351 एक्सप्रेस यात्रियों को लेकर अपने अगले स्टेशन की ओर रवाना होने वाली थी। स्टेशन पर सामान्य भीड़ थी। कुछ लोग सामान लेकर ट्रेन में चढ़ रहे थे, कुछ अपने परिवार को विदा कर रहे थे, और कुछ लोग आखिरी पल में दौड़कर ट्रेन पकड़ने की कोशिश में थे। इसी भीड़ में एक युवक तेजी से दौड़ता हुआ ट्रेन के दरवाजे तक पहुंचा। चेहरे पर घबराहट, आंखों में ट्रेन छूटने का डर और कदमों में जल्दबाजी साफ दिख रही थी। युवक ने चलती ट्रेन में चढ़ने की कोशिश की। उसने हैंडल पकड़ने के लिए हाथ बढ़ाया, लेकिन अगले ही पल उसका संतुलन बिगड़ा और हाथ छूट गया। फिर जो हुआ, उसने वहां मौजूद हर इंसान की सांसें रोक दीं।
“अरे गिर गया…!” और कुछ सेकेंड में मौत सामने थी
युवक सीधे प्लेटफॉर्म और ट्रेन के बीच गैप में जा गिरा। गिरते ही उसका शरीर ट्रेन के साथ घिसटने लगा। ट्रेन धीरे-धीरे आगे बढ़ रही थी और युवक प्लेटफॉर्म के किनारे रगड़ खा रहा था। लोगों की चीख निकल गई। कुछ महिलाएं घबरा गईं, कुछ यात्रियों ने आवाज लगाई। स्टेशन पर मौजूद लोग समझ नहीं पा रहे थे कि क्या करें। हर कोई बस यही सोच रहा था कि अब यह युवक बच नहीं पाएगा। लेकिन इसी बीच एक व्यक्ति ने बिना सोचे अपनी जान जोखिम में डाल दी।
ड्यूटी पर था “जिम्मेदारी का जवान”
प्लेटफॉर्म नंबर दो पर RPF के हेड कांस्टेबल रवि शंकर प्रधान तैनात थे। वह वहां टिकट जांच कार्य में वाणिज्य विभाग के कर्मचारियों की सहायता कर रहे थे। जैसे ही उन्होंने युवक को गिरते और ट्रेन के साथ घिसटते देखा, उन्होंने एक सेकेंड भी गंवाया नहीं। न कोई डर, न कोई घबराहट… बस एक ही लक्ष्य – उसकी जान बचानी है। रवि शंकर प्रधान तेजी से दौड़े, युवक के हाथ और कपड़े को पकड़कर पूरी ताकत से खींचा। ट्रेन चल रही थी, लेकिन जवान ने खुद को संभालते हुए युवक को प्लेटफॉर्म की तरफ खींच लिया। महज पांचकुछ ही पलों में युवक प्लेटफॉर्म पर था। और स्टेशन पर मौजूद लोग राहत की सांस लेने लगे।
“अगर दो सेकेंड देर होती, तो…”
घटना के बाद मौके पर मौजूद यात्रियों का कहना था कि अगर RPF जवान दो सेकेंड भी देर कर देते, तो बड़ी अनहोनी हो सकती थी। कई लोगों ने कहा कि उन्होंने पहली बार अपनी आंखों के सामने किसी को मौत के इतने करीब जाते देखा।कुछ लोगों ने जवान के साहस की सराहना करते हुए कहा… “आज सच में एक जवान ने भगवान बनकर जिंदगी बचाई है।” जब युवक को सुरक्षित बाहर निकाला गया, तब वह बुरी तरह घबराया हुआ था। उसका चेहरा पीला पड़ चुका था। शरीर कांप रहा था। कुछ देर तक वह बोल भी नहीं पा रहा था। स्टेशन कर्मियों ने उसे बैठाया, पानी दिया और उसकी स्थिति नॉर्मल करने की कोशिश की। कुछ मिनट बाद युवक ने खुद को संभालते हुए अपना नाम बताया।
रांची रेलवे स्टेशन पर बड़ा हादसा टला!
चलती ट्रेन में चढ़ते वक्त युवक प्लेटफॉर्म गैप में गिर गया, लेकिन आरपीएफ हेड कांस्टेबल रवि शंकर प्रधान ने बहादुरी दिखाकर उसकी जान बचा ली। #Ranchi #RPF #RailwayNews #Bravery #BreakingNews #TodayNews #TrendingNews #NewsSamvad pic.twitter.com/4Ol85zFBRD— News Samvad (@newssamvaad) May 13, 2026
ओडिशा का रहने वाला है विनय टोप्पो
पूछताछ में युवक ने अपना नाम विनय टोप्पो, उम्र करीब 24 वर्ष बताया। वह सेक्टर-16, जगन्नाथ पल्ली, राउरकेला इंडस्ट्रियल टाउनशिप, ओडिशा का निवासी है। विनय ने बताया कि वह ट्रेन पकड़ने के लिए स्टेशन आया था। ट्रेन खुलने ही वाली थी, इसलिए वह जल्दबाजी में दौड़कर ट्रेन में चढ़ने लगा। लेकिन चलती ट्रेन में चढ़ते समय उसका संतुलन बिगड़ गया और वह सीधे प्लेटफॉर्म के गैप में गिर गया। विनय ने भावुक होकर कहा कि अगर जवान ने उसे नहीं बचाया होता, तो आज वह जिंदा नहीं बचता।
RPF की सतर्कता से टला बड़ा हादसा
रांची मंडल में कमांडेंट पवन कुमार के निर्देश पर RPF लगातार स्टेशन पर यात्रियों की सुरक्षा को लेकर सतर्क है। आरपीएफ का कहना है कि अक्सर यात्रियों की जल्दबाजी और लापरवाही के कारण इस तरह की घटनाएं होती हैं। रेलवे अधिकारियों के अनुसार चलती ट्रेन में चढ़ना या उतरना सबसे खतरनाक है। प्लेटफॉर्म और ट्रेन के बीच का गैप किसी भी यात्री के लिए जानलेवा साबित हो सकता है।
रेलवे प्रशासन की अपील : “ट्रेन छूट जाए तो दूसरी मिलेगी, लेकिन जिंदगी नहीं”
घटना के बाद रेलवे और आरपीएफ की ओर से यात्रियों से अपील की गई कि चलती ट्रेन में चढ़ने का प्रयास न करें, ट्रेन के पूरी तरह रुकने के बाद ही उतरें, प्लेटफॉर्म के किनारे सतर्क रहें, बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं का विशेष ध्यान रखें और जल्दबाजी में जान जोखिम में न डालें। रेलवे अधिकारियों ने साफ कहा कि ट्रेन छूट जाए तो दूसरी ट्रेन मिल सकती है, लेकिन जिंदगी वापस नहीं आती।
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