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Ramgarh : मंगलवार की शाम रामगढ़ जिले के पतरातू ब्लॉक परिसर में वॉलीबॉल का खेल चल रहा था। मैदान में हंसी-ठिठोली के बीच अचानक दो युवकों में कहासुनी हुई। कुछ मिनटों में बात इतनी बढ़ी कि खेल का जोश झगड़े में बदल गया। किसी ने सोचा भी नहीं था कि यह मामूली तकरार शहर के कुख्यात पांडे गिरोह तक जा पहुंचेगी और एक खूनी संघर्ष का रूप ले लेगी।
मैदान से उठी चिंगारी
खेल में शामिल थे योगेश राम का बेटा विशाल राम और राजेश साव का भतीजा आकाश कुमार। गेंद को लेकर दोनों में बहस हुई — पहले हल्की नोकझोंक, फिर अपशब्द, और फिर धक्का-मुक्की। देखते ही देखते आसपास भीड़ जुट गई। वहां मौजूद लोगों ने किसी तरह बीच-बचाव कर झगड़ा शांत कराया, लेकिन गुस्सा किसी के मन से गया नहीं।
बदला लेने के लिए बुलाया गया गिरोह
एसपी अजय कुमार ने बुधवार को मीडिया को बताया कि खेल खत्म होने के बाद आकाश के चाचा राजेश साव ने सीधे पांडेय गिरोह से संपर्क साधा। राजेश साव खुद भी अपराधी प्रवृत्ति का है। उसने अपने भतीजे की पिटाई का बदला लेने की ठान ली। राजेश ने गिरोह के शूटर इरफान उर्फ रेहान उर्फ छोटू से मुलाकात की और बदला लेने की साजिश रचने लगा। योजना थी… विशाल और उसके परिवार पर हमला कर इलाके में दहशत फैलाने की।
खूनी प्लान से पहले पुलिस पहुंची
पुलिस को जब इस संभावित गैंगवार की भनक लगी, एसपी अजय कुमार ने पतरातू एसडीपीओ गौरव गोस्वामी के नेतृत्व में विशेष टीम बनाई। देर रात सांकूल गांव के आम बगीचा इलाके में छापेमारी की गई। पुलिस ने चारों ओर से इलाके को घेर लिया। अंधेरे के बीच कुछ आवाजें आईं… किसी के भागने की कोशिश, किसी के मोबाइल की लाइट झिलमिलाती दिखी। पुलिस ने दबिश दी और मौके से दो अपराधियों को पकड़ लिया। गिरफ्तार लोगों में इरफान उर्फ रेहान उर्फ छोटू और राजेश साव उर्फ आर्यन शामिल है। इरफान पांडेय गिरोह का सक्रिय सदस्य बताया जा रहा है। उसके पास से पुलिस ने 7.65 एमएम की लोडेड देशी पिस्तौल और एक जिंदा गोली बरामद किया। वहीं चार-पांच अपराधी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए।
इरफान का आपराधिक इतिहास
एसपी ने बताया कि इरफान का लंबा आपराधिक रिकॉर्ड है।
- बड़कागांव थाना में उस पर रंगदारी मांगने का मामला दर्ज है।
- बरकाकाना रेलवे थाना में वर्ष 2021 में केस हुआ था।
- पतरातू थाना में भी कई मामलों में वह वांछित रहा है।
पुलिस के मुताबिक इरफान का मकसद इलाके में गिरोह की दहशत कायम करना था।
एसपी बोले- ऐन वक्त पर पुलिस पहुंची और टल गयी बड़ी अनहोनी
पुलिस अधीक्षक अजय कुमार ने कहा… अगर समय रहते पुलिस नहीं पहुंचती तो मामला खूनी संघर्ष में बदल जाता। हमने यह सुनिश्चित किया है कि इलाके में किसी भी आपराधिक गतिविधि को बढ़ने नहीं दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि फरार अपराधियों की तलाश जारी है और गिरोह के नेटवर्क पर निगरानी रखी जा रही है।
इलाके में चर्चा, लोगों ने ली राहत की सांस
पतरातू के लोगों ने राहत की सांस ली है। बुधवार सुबह से ही चर्चा थी… “अगर पुलिस देर करती, तो कुछ बड़ा हो सकता था।”
स्थानीय लोगों ने कहा कि ब्लॉक परिसर के आसपास शाम को युवाओं की भीड़ रहती है और अक्सर खेल को लेकर कहासुनी हो जाती है, लेकिन इस बार मामला अपराध जगत तक पहुंच गया।
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