अपनी मनपसंद भाषा में पढ़ें :
Ramgarh (Dharmendra Pradhan) : शाम का वही रोज वाला वक्त। दुकान समेटकर घर लौटने की जल्दी। रास्ता भी जाना-पहचाना। लेकिन बीते चार फरवरी की वह शाम बिहारी प्रसाद स्वर्णकार के लिए जिंदगी भर का डर छोड़ गई। गोला बाजार में “बिहारी ज्वेलर्स” चलाने वाले बिहारी प्रसाद रोज की तरह करीब छह बजे दुकान बंद कर बाइक से सुकरीगढ़ा की ओर निकले थे। भेड़ा पुल तक सब सामान्य था। फिर कुछ ही मिनटों में सब बदल गया।
पुल पर अटकी सांस
भेड़ा पुल के पास पीछे से एक रॉयल एनफील्ड तेजी से आई। ओवरटेक कर दो युवक सामने आये और बाइक तिरछी खड़ी कर दी। बिहारी प्रसाद कुछ समझ पाते, उससे पहले उन लड़कों ने हथियार निकाल लिया। “शोर मचाया तो जान से मार देंगे”… बस इतना सुनना था कि बिहारी प्रसाद के हाथ-पैर ढीले पड़ गए। करीब 70 हजार रुपये नगद, सोने के आभूषण, मोबाइल और बाइक की चाबी छीन ली गई। पूरी वारदात मुश्किल से 10 से 15 मिनट की रही, लेकिन उन पलों में उन्हें लगा जैसे समय थम गया हो। आरोपी गोला की ओर फरार हो गए और पुल पर सन्नाटा रह गया। घर पहुंचे तो परिवार के सामने शब्द नहीं निकल रहे थे। एक तरफ लूट का नुकसान, दूसरी तरफ जान बचने की राहत। उसी रात मामला दर्ज कराया गया।
डर से भरोसे तक
घटना के बाद गोला बाजार के व्यापारियों में बेचैनी थी। “अगर दिन-दहाड़े ऐसा हो सकता है तो हम सुरक्षित कैसे हैं?” यह सवाल हर किसी के मन में था। जब बात रामगढ़ पुलिस कप्तान अजय कुमार के कानों तक पहुंची, तो उन्होंने मामले को बेहद गंभीरता से लिया। एसडीपीओ चंदन कुमार वत्स की अगुवाई में एसआईटी बनाई गई। मोबाइल लोकेशन, सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर तंत्र सब एक साथ एक्टिव कर दिए गए। जांच में धीरे-धीरे सुराग मिलने लगे। पुलिस को शक हुआ कि यह कोई शौकिया वारदात नहीं, बल्कि प्लानिंग के साथ की गई लूट है।
रांची से चरही तक, ऐसे खुली परतें
एसपी अजय कुमार ने खुलासा किया कि सबसे पहले 21 साल के दीपक कुमार को रांची से पकड़ा गया। वह केरेडारी का रहने वाला है। पूछताछ में वह ज्यादा देर चुप नहीं रह सका। उसकी निशानदेही पर देशी कट्टा, एक गोली, कुछ आभूषण और वारदात में इस्तेमाल बाइक बरामद हुई। इसके बाद पुलिस ने चरही इलाके में दबिश दी। वहां से मो. सद्दाम उर्फ छोटू उर्फ मास, ऐनुल अंसारी और मोईन अंसारी को गिरफ्तार किया गया। इनके पास से सात जोड़ा कान की बाली, दो जोड़ा चेन, चार मंगलसूत्र और एक ऑल्टो कार बरामद हुई। मो. सद्दाम इस गिरोह का सरगना है। वह पहले भी बोकारो, रांची और रामगढ़ में लूट और डकैती के मामलों में जेल जा चुका है।
अपराध की दुनिया और अधूरे सपने
बताया गया गिरोह के सदस्य ज्यादातर 20 से 30 साल की उम्र के हैं। तेज बाइक, जल्दी पैसा और आसान रास्ता… यही सोच उन्हें अपराध की तरफ ले गई। एक तरफ बिहारी प्रसाद जैसे लोग हैं जो सालों की मेहनत से कारोबार खड़ा करते हैं। दूसरी तरफ ऐसे युवा, जो कुछ मिनटों में सब छीन लेने को तैयार हो जाते हैं।
राहत की सांस, लेकिन डर कायम
पुलिस ने कुल मिलाकर आठ जोड़ा कान की बाली, दो जोड़ा चेन, चार मंगलसूत्र, चार मोबाइल फोन, एक देशी कट्टा, एक गोली, एक ऑल्टो कार, एक पल्सर और रॉयल एनफील्ड बाइक बरामद की है। सभी आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजा जा रहा है। गिरफ्तारी के बाद गोला बाजार के कारोबारियों ने राहत की सांस ली है। सुनें क्या बते गये एसपी अजय कुमार…
रामगढ़ के गोला बाजार के ज्वेलर बिहारी प्रसाद से भेड़ा पुल के पास हथियार के बल पर लूट की वारदात का खुलासा। एसपी अजय कुमार के निर्देश पर गठित एसआईटी ने रांची और चरही से चार आरोपियों को किया गिरफ्तार। जेवरात, नकदी, हथियार और वाहन बरामद किए। एसपी बता गये पूरी कहानी… देखें pic.twitter.com/RMejoQuHis
— News Samvad (@newssamvaad) February 18, 2026
इसे भी पढ़ें : ‘लाल कोठी’ में कटेगी दो सगे भाइयों की पूरी उम्र… जानें क्यों



