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Ramgarh : दिवंगत दिशोम गुरु शिबू सोरेन के पारंपरिक श्राद्ध कर्म का आज चौथा दिन है। CM हेमंत सोरेन ने गुरुवार सुबह धार्मिक मान्यताओं, संस्कारों और स्थानीय परंपराओं के अनुरूप बाबा को भोजन परोसने की रस्म निभाई। जानकारी के अनुसार, यह रस्म श्राद्ध कर्म का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इसमें दिवंगत आत्मा की शांति और मोक्ष के लिए प्रतिदिन विशेष विधि-विधान के तहत भोजन अर्पित किया जाता है। स्थानीय परंपरा के अनुसार, श्राद्ध के दिनों में परिवार के सदस्य और करीबी रिश्तेदार हर सुबह यह अनुष्ठान करते हैं।
CM हेमंत सोरेन ने कहा कि यह सिर्फ एक धार्मिक क्रिया नहीं, बल्कि अपने पूर्वजों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करने का अवसर भी है। उन्होंने कहा कि बाबा शिबू सोरेन ने जीवनभर समाज, संस्कृति और आदिवासी पहचान के लिए संघर्ष किया, इसलिए उनकी स्मृतियों और शिक्षाओं को पीढ़ियों तक संजोकर रखना सभी की जिम्मेदारी है।
यहां याद दिला दें कि दिशोम गुरु शिबू सोरेन का निधन बीते तीन अगस्त को हुआ था। 4 से 10 अगस्त तक उनके पैतृक गांव नेमरा (रामगढ़) में पारंपरिक श्राद्ध कर्म हो रहा है। इसमें प्रदेशभर से नेता, कार्यकर्ता और आम लोग शामिल होकर श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं।


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