अपनी मनपसंद भाषा में पढ़ें :
Ranchi : झारखंड हाईकोर्ट में मुख्य सूचना आयुक्त और सूचना आयुक्त के खाली पदों से जुड़ी याचिका पर 29 जनवरी को सुनवाई हुई थी. यह सुनवाई जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद और जस्टिस एके राय की खंडपीठ में हुई.
याचिका में राज्य सूचना आयोग के लंबे समय से खाली पड़े पदों का मुद्दा उठाया गया था. इन पदों के खाली रहने से सूचना आयोग का काम प्रभावित होने की बात कही गई थी.
सरकार से पूछा गया आयोग कब होगा कार्यशील
सुनवाई के दौरान खंडपीठ ने राज्य सरकार से यह स्पष्ट रूप से पूछा था कि सूचना आयोग आखिर कब तक पूरी तरह से काम करना शुरू करेगा.
अदालत ने जानना चाहा कि मुख्य सूचना आयुक्त और सूचना आयुक्त की नियुक्ति की प्रक्रिया किस चरण में है और आयोग को दोबारा सक्रिय करने के लिए सरकार ने क्या कदम उठाए हैं.
महाधिवक्ता ने दिया चार सप्ताह का भरोसा
इस पर राज्य सरकार की ओर से पेश महाधिवक्ता राजीव रंजन ने अदालत को बताया कि चार सप्ताह के भीतर सूचना आयोग को कार्यशील कर दिया जाएगा.
उन्होंने खंडपीठ को भरोसा दिलाया कि रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी और आयोग सामान्य रूप से काम करने लगेगा.
अदालत ने सरकार को दिया समय
सरकार की दलील सुनने के बाद खंडपीठ ने राज्य सरकार को चार सप्ताह का समय दिया है.
अदालत ने यह भी स्पष्ट किया कि तय समय के भीतर आयोग को सक्रिय किया जाना जरूरी है ताकि सूचना के अधिकार से जुड़े मामलों का निपटारा नियमित रूप से हो सके.
27 फरवरी को होगी अगली सुनवाई
इस पूरे मामले में अब अगली सुनवाई 27 फरवरी को निर्धारित की गई है.
अगली तारीख पर अदालत यह देखेगी कि सरकार ने अपने वादे के अनुसार सूचना आयोग को कार्यशील बनाने के लिए क्या ठोस कदम उठाए हैं.
इसे भी पढ़ें : T20 WC 2026 : ICC की सख्ती से बदला पाकिस्तान, भारत से मैच को तैयार

